NGT की श्री श्री को फटकार, पूछा- क्या आपको अपनी जिम्मेदारी का अंदाजा है ?


नई दिल्ली (20 अप्रैल): नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल यानी NGT आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर से काफी नराजा नजर आ रहा है। संस्था ऑर्ट ऑफ लिविंग (AoL) के विश्व सांस्कृतिक महोत्सव से यमुना को हुए नुकसान के मामले में हुई सुनवाई के दौरान NGT ने श्रीश्री रविशंकर रे उस बयान को ‘स्तब्ध करने वाला’ बताकर उन्हें लताड़ लगाई। आपको बता दें कि पिछले श्रीश्री रविशंकर ने कहा था कि वो जुर्माना क्यों भरें, जुर्माना तो केन्द्र सरकार, दिल्ली सरकार और खुद एनजीटी को भरना चाहिए क्योंकि विश्व सांस्कृतिक महोत्सव को कराने की इजाजत हमें इनसे ही मिली थी। नाराज NGT ने कहा कि आपने यहां याचिका डाली हुई है और आप सोचते हैं कि आपके पास आजादी है कि जो चाहें आप बोलते रहें। क्या आपको अपनी जिम्मेदारी का अंदाजा है। आपके ये बयान हमारे लिए चौंकाने वाले हैं। कोर्ट अब इस मामले में सुनवाई 9 मई को करेगा।


दरअसल NGT के आदेश पर बनायी गई समिति ने अपनी रिपोर्ट में बताया था कि आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर की संस्था ऑर्ट ऑफ लिविंग (AoL) के विश्व सांस्कृतिक महोत्सव से यमुना के डूब क्षेत्र को पूरी तरह बर्बाद कर दिया गया है। श्रीश्री रविशंकर के इस कार्यक्रम से यमुना की पारिस्थितिकी को हुए भौतिक और जैविक नुकसान को ठीक करने में कुल 42 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। 10 वर्षों तक चलने वाले इस काम में जैविक नुकसान की भरपाई में 13.29 करोड़ रुपये तथा भौतिक क्षति को ठीक करने में 28.73 करोड़ रुपये का खर्च बैठेगा।