श्रीलंका में राजनीतिक संकट जारी, राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना ने की संसद भंग

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 9 नवंबर ): श्रीलंका में राजनीतिक संकट के बीच श्रीलंकाई राष्ट्रपति  मैत्रीपाला सिरिसेना  ने संसद को भंग कर दिया है। दो हफ्ते से प्रधानमंत्री पद को लेकर श्रीलंका में राजनीतिक विवाद चल रहा है। एक मंत्री के मुताबिक जब उनकी पार्टी ने इस बात की आधिकारिक घोषणा कर दी कि उनके पास पीएम पद के लिए पर्याप्त संख्याबल नहीं है तो राष्ट्रपति ने संसद को भंग कर दिया।

राष्ट्रपति सिरीसेना ने एक आधिकारिक नोटिफिकेशन पर साइन करते हुए 225 सदस्यीय सदन को भंग कर दिया। शुक्रवार आधी रात से लागू होने वाले इस फैसले के बाद श्रीलंका में मध्यावधि चुनाव का रास्ता बन गया है। राजनीतिक गतिरोध होने की वजह से श्रीलंका में अब तयशुदा कार्यक्रम से दो साल पहले ही चुनाव कराने पड़ेंगे।

मंत्री ने अपना नाम नहीं बताने की शर्त पर कहा कि श्रीलंका में संभवतः जनवरी में चुनाव हो सकते हैं। बता दें कि प्रधानमंत्री रानिल विक्रमसिंघे को बर्खास्त कर राजपक्षे को नया प्रधानमंत्री नियुक्त करने के सिरीसेना के कदम के बाद से श्रीलंका में संवैधानिक संकट खड़ा हो गया था। श्रीलंका की 225 सदस्यीय संसद में बहुमत के लिए 113 सदस्यों का आंकड़ा जरूरी होता है।

इससे पहले शुक्रवार को पत्रकारों से बात करते हुए 'यूनाइटेड पीपल्स फ्रीडम अलायंस' (यूपीएफए) के प्रवक्ता केहेलिया रम्बुकवेला ने राजपक्षे का समर्थन करने वाले सांसदों की कुल संख्या प्रकट किए बिना कहा था कि उन्हें 105 से 106 सांसदों का समर्थन हासिल है। साफ था कि सिरीसेना की पार्टी बहुमत के आंकड़े तक नहीं पहुंच पा रही थी। इसके बाद राष्ट्रपति ने यह फैसला लिया है।