इस देश के सैनिकों को रेप समेत जो चाहे करने का लाइसेंस

न्यूयॉर्क (12 मार्च) : दक्षिणी सूडान को लेकर ऐसा सनसनीखेज़ खुलासा हुआ है जिसे सुनकर आप चौंक जाएंगे। ये खुलासा संयुक्त राष्ट्र ने किया है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, वहां की सेना से जुड़े लड़ाकों को वेतन के बदले महिलाओं का रेप की इजाजत दी जाती है। हालांकि दक्षिणी सूडान की सरकार ने आरोपों से इनकार किया है, लेकिन उसका कहना है कि इस मामले में जांच हो रही है।

जांच में पता चला है कि दक्षिणी सूडान के यूनिटी राज्य में पिछले साल 1,300 महिलाओं का रेप किया गया। सेना आम लोगों की हत्याएं और बलात्कार करती है जो युद्ध अपराध के बराबर है।

बीबीसी के मुताबिक, यूएन की रिपोर्ट में बताया गया है कि वहां की सेना में 'जो कर सकते हो करो, जो ले जा सकते हो ले जाओ' करार के तहत भर्ती होती है। सैनिकों को वेतन नहीं दिया जाता। बदले में वे महिलाओं और लड़कियों को साथ ले जाते हैं और रेप करते हैं। साथ ही आम लोगों के मवेशी और निजी संपत्ति भी ले जाते हैं।

संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार आयुक्त जैद राद अल हुसैन का कहना है कि दक्षिणी सूडान में ऐसा होना दुनिया में सबसे जघन्य मानवाधिकारों के हनन में शामिल है।

बता दें कि दक्षिणी सूडान में दिसंबर 2013 से गृह युद्ध चल रहा है। तब राष्ट्रपति कीर ने अपने उपराष्ट्रपति रीक माशर को पद से हटा दिया था और उन पर तख्तापलट की कोशिशों करने का आरोप लगाया। माशर ने इन आरोपों से इनकार किया लेकिन तभी से उन्होंने सरकार से लड़ने के लिए एक विद्रोही सेना बना ली।