'डिनर डिप्लोमेसी' के जरिए सोनिया गांधी की विपक्षी दलों को एक जुट करने की कोशिश

नई दिल्ली (6 मार्च): तीसरे मोर्चे की कवायद के बीच सोनिया गांधी एकबार फिर विपक्ष को एकजुट करने की कोशिश में जुट गई हैं। सोनिया गांधी ने 13 मार्च को तमाम विपक्षी पार्टियों के आला नेताओं को 13 मार्च को डिनर पर आमंत्रित किया है। हालिया उप चुनावों के नतीजों के बाद सोनिया गांधी की तरफ से रात्रि भोज पर ये नेता भविष्य की रणनीति और गठबंधन की संभानवाओं पर चर्चा कर सकते हैं। सबसे बड़ी बात यह कि एनडीए में शामिल तेलगु देशम पार्टी (टीडीपी) के नेता भी इस भोज में शामिल हो सकते हैं।

सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिकसंसद में सरकार पर हमला बोलने के लिए विपक्षी दलों द्वारा हाथ मिलाये जाने की और 2019 के लोकसभा चुनावों के लिए संयुक्त मोर्चे की नींव रखने की दिशा में एक कदम है। सोनिया गांधी ने यह पहल ऐसे समय में की है जब गैर भाजपा, गैर कांग्रेस मोर्चा की संभावनाओं को लेकर चर्चा हो रही है। इससे पहले टीआरएस प्रमुख एवं तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चन्द्रशेखर राव ने इस मामले में राष्ट्रीय स्तर पर विचार विमर्श करने का प्रस्ताव दिया था।