बेटे की चाह में मां ने एसी में डालकर मारा डाला 4 महीने की मासूम को

नई दिल्ली(9 सितंबर): पुलिस के हत्थे चढ़ी नेहा गोयल नाम की महिला खुद तो पढ़ी लिखी है साथ ही इसके इस आलिशान तीन मंजिला मकान को देखकर कोई नहीं कह सकता की यहां कोई कमी है। लेकिन एक अदद बेटे की चाह ने ना केवल इस घर की साड़ी खुशियाँ काफूर कर दी। बल्कि घर की बहु को भी जेल की सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। 

- दरअसल नेहा की एक 8 साल की बेटी है लेकिन वंश चलाने के लिए एक बेटे का दबाव और परिवार वालों की उम्मीद ये खुद भी बहुत अच्छी तरह से समझ चुकी थीं। बस फिर क्या था बेटे की चाहत के लिए हवन करवाए, मन्नते मांगी गयी लेकिन दूसरी भी बेटी ही हुई। जिसके चलते नेहा तनाव में आ गयी. और 26 अगस्त की रात को वह पहली बार इस मासूम को अपने पास लेकर सोयी और रात को बड़ी ही बेरहमी से वारदात को अंजाम दे दिया। इस मासूम की बेरहमी से ह्त्या करने के बाद उसकी लाश को ऐ सी में छुपा दिया, ह्त्या का तरीका भी ऐसा की रूह तक काँप जाए। क्यों की बच्ची की लाश घर में लगे ऐ सी के आउटर बॉक्स में मिली थी। जो की कम्बल से लपेटे हुवी थी और यह कम्बल नेहा के कमरे का ही था। FSL जाँच में इस मासूम के गले पर 16 घाव थे। इसमें से तीन बड़े घाव किसी  चाकू से किये जाने की पुष्ठी हुवी हैं।

- मामले की तफ्तीश में दौरान नेहा ने केवल इतना बताया था की बच्ची उसके पास सो रही थी अचानक गायब हो गयी चूँकि घर में लगे CCTV फूटेज में भी किसी के अन्दर आने या बाहर जाने का रिकार्ड नहीं था तो पुलिस का शक सबसे पहले घर के  चारों नौकरों पर गया। साथ ही पूर्व में यहाँ काम कर चुके 8 नौकरों को भी बुलाकर पूछताछ की गयी। FSL रिपोर्ट में बेडशीट , बाथरूम और घर के कुछ जगह पर बच्ची के खून के सेम्पल मिले थे इसके बाद भी कोई सबूत नहीं मिला तो परिवार वालों पर शक की सुई गयी, घर की 9 महिलाओं से पूछताछ के दौरान भी कोई ख़ास नतीजा नहीं निकला लेकिन इस दौरान बच्ची की लाश के कम्बल से मिलने के आधार पर पुलिस  नाखूनों की जाँच की। बच्ची के माँ नेहा के नाख़ून पर खून भी लगा मिला और जब इसकी FSL जाँचकी गयी तो मामले का खुलासा हो गया।

- इस बच्ची के पिता राकेश जयपुर में एक बड़े बिजनेस में है। जयपुर व्यापर मंडल के पधाधिकारियों में भी शुमार है। इस तीन मजिला इमारत में राकेश का संयुक्त परिवार रहता है। दिल्ली के व्यवसायी पिता की बेटी नेहा की शादी 11 साल  पहले राकेश के साथ हुवी थी। लेकिन बेटे की चाह ने नेहा को इस कदर बेरहम बना दिया था की जन्म देने के बाद भी वह इस मासूम को नौकरानी के पास ही सुलाती।

यहाँ तक की केवल तीन दिन ही उसके अपना दूध इस बच्ची को पिलाया था। बहरहाल 13 दिन बाद पुलिस ने ह्त्या की इस गुत्थी को पुलिस ने सुलझा दिया है अब इस मासूम की हत्यारन माँ पुलिस की गिरफ्त में है और पुलिस उससे मामले से  जुड़े कुछ और राज उगलवाने की कोशिश कर रही है। साथ ही लड़के के लिए दबाव बनने के मसले पर परिवार वालों की भूमिका की भी जाँच की जा रही है।

--