'स्मार्ट फोन से खेलने वाले बच्चे दिमाग से कमजोर हो सकते हैं'

नई दिल्ली (13 अगस्त):  स्मार्टफोन से खेलने की आदत बच्चों के लिए घातक साबित हो सकती है। स्मार्टफोन से खेलने की आदत बच्चे के मानसिक विकास में बाधक बन सकती है। इसलिए बच्चों को स्मार्टफोन से दूर रखना चाहिए। स्मार्टफोन के प्रयोग से बच्चे का ध्यान भटकता है और इसका सीधा असर उसके मानसिक विकास पर पड़ता है। इस उम्र में यदि बच्चे स्मार्टफोन के साथ समय बिताएंगे तो उनके बोलने और सुनने की प्रक्रिया में बाधा आएगी और उनका शब्द कोश कमजोर होगा।

मनोवैज्ञानिक गैल कहती है कि अभिभावकों को यह बात सोचनी होगी कि स्मार्टफोन बच्चों की स्वतंत्र सोच को भी प्रभावित करता है। इससे रचनात्मकता पर भी असर पड़ता है। इतना ही नहीं स्मार्टफोन से खेलने से बच्चे की आने वाली जिंदगी भी प्रभावित हो सकती है। वैज्ञानिकों का मत है कि बचपन में ही मस्तिष्क का विकास हो जाता है।