बोली शिवसेना, 2019 में बीजेपी को बहुमत नहीं मिला तो प्रणब मुखर्जी हो सकते हैं पीएम उम्मीदवार

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 9 जून ): बीजेपी की सहयोगी पार्टी शिवसेना ने शनिवार को कहा कि अगर बीजेपी 2019 के आम चुनावों में बहुमत हासिल करने में नाकाम रही तो पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी प्रधानमंत्री पद के लिए सर्वसम्मति से उम्मीदवार हो सकते हैं। शिवसेना ने भाजपा के वैचारिक सलाहकार संगठन आरएसएस पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने कभी भी शिवसेना के पूर्व प्रमुख बाल ठाकरे को अपने मंच पर आमंत्रित नहीं किया और इफ्तार पार्टी आयोजित कर मुसलमानों को खुश करने की कोशिश कर रही है।पार्टी के मुखपत्र सामाना के संपादकीय में यह टिप्पणियां की गई हैं। बता दें कि बीजेपी और शिवसेना के रिश्ते अच्छे नहीं चल रहे हैं और दो दिन पहले ही गुरुवार को नागपुर में आरएसएस के कार्यक्रम में पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने हिस्सा लिया था।  शिवसेना ने कांग्रेस को फटकार लगाते हुए कहा कि मुखर्जी की यात्रा को रोकने की कोशिश में उसने खुद का मजाक बनाया। सेना ने कहा कि यह एक "बिना आवाज वाले पटाखे की तरह था।" सेना ने आश्चर्य जताते हुए कहा कि आखिर आरएसएस ने क्या सोचकर इस कद्दावर नेता को आमंत्रित करना के फैसला किया, जिन्होंने नेहरूवादी विचारधारा को अपने दिल के करीब रखा था।संपादयकीय में कहा गया है कि आरएसएस थिंक टैंक भविष्य की राजनीति के लिए रणनीतिक रूप से ऐसी यात्राओं (जैसे मुखर्जी द्वारा) का इस्तेमाल करता है। इस विशेष घटना को लेकर उनके दिमाग में क्या है इसका खुलासा सिर्फ 2019 के लोकसभा चुनावों के दौरान ही हो पाएगा।