मुंबई: मालाबार हिल का नाम बदल कर रामनगरी हो जाएगा !


अविनाश पाण्डेय, न्यूज 24, मुंबई (10 दिसंबर):
लगता है भगवान राम सभी पार्टियों के तारणहार हो गए हैं, राम-राम का राग अलापने वाली बीजेपी तो राम मंदिर नहीं बनवा पाई, लेकिन शिवसेना मुंबई के एक इलाके को राम नगरी बनाने पर तुली है। उद्धव ठाकरे के अयोध्या दौरे के बाद ऐसा लगता है कि अब शिवसेना भी राम के नाम की राजनीति कर वोट बैंक जुटाने में लगी है। दरअसल शिवसेना मलबार हिल का नाम बदलकर राम नगरी करना चाहती है।



आपको बता दें कि मलबार हिल मुंबई का सबसे पॉश इलाका है। यहां  मुख्यमंत्री आवास वर्षा है, यहां सभी मंत्रियों के बंगले है, यहां सभी ब्यूरोक्रेसी बसती है, ये मुंबई का सबसे महंगा इलाका है। इस इलाके को अबतक मलबार हिल के नाम से जाना जाता है लेकिन सबकुछ ठीक रहा तो जल्द ही इसका नाम मलबार हिल से बदलकर राम नगरी कर दिया जाएगा। बीएमसी में शिवसेना के एक नेता दिलीप लांडे ने मुंबई स्थित मालाबार हिल का नाम बदलकर रामनगरी करने की मांग की है।


मलबार हिल का अपना ही धार्मिक महत्व है, मलबार हिल में भगवान राम और लक्ष्मण आये थे, दरअसल सीता माता को तलाशते-तलाशते भगवान राम यहां मुंबई के मलबार हिल इलाके में पहुंच गए थे, यहां एक तालाब भी है, जिसका नाम बाण गंगा है। पौराणिक कथाओं में ज़िक्र भी है कि एक बार भगवान राम को प्यास लगी तो भगवान लक्ष्मण ने अपने बाण से जल निकाला, जिसका नाम बाद में बाण गंगा पड़ा। ये तालाब आज भी मौजूद है। जहां धरती से पानी का शोत्र आज भी है। यही कारण है कि शिवसेना नेता दिलीप लांडे इस इलाके का नाम राम नगरी रखना चाहते है। शिवसेना की इस प्रस्ताव पर विपक्ष खफा है। एनसीपी नेता नवाब मालिक कहते है कि पहले उद्धव ठाकरे अपने नाम मे भगवान राम का नाम जोड़े, पहले उद्धव अपना नाम बदलकर उद्धवराम बने।



बताया जा रहा है कि 13 दिसंबर को बीएमसी सदन में इस सिलसिले में प्रस्ताव रखा जाएगा। अगर प्रस्ताव पास हुआ तो बीएमसी इसे सरकार के पास भेजकर इसे पास करवाएगी। बीएमसी में शिवसेना बीजेपी की सत्ता है, राज्य सरकार में शिवसेना बीजेपी की भागीदारी है और दोनों ही पार्टियां आजकल राम भक्त भी हो गए है ऐसे में मजाल हो की राम के नाम का जहां इस्तेमाल हो और वो प्रस्ताव पास ना हो, आखिरकार वोट बैंक का जो सवाल है।