दिल्ली की चहेती थीं शीला दीक्षित, जानिए कैसा रहा उनका राजनीतिक सफर

Image Source Google

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (21 जुलाई):  दिल्ली की चहेती  सीएम रही शीला दीक्षित का दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। शीला दीक्षित एक साफ छवि वाली नेता थी, उन्होंने कांग्रेस में रहते हुए लगातार 15 साल दिल्ली की मुख्यमंत्री बनी रहीं। वे 81 साल की थीं। सुबह तबीयत बिगड़ने पर उन्हें राजधानी के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शीला दीक्षित का जन्म 31 मार्च 1938 को पंजाब के कपूरथला में हुआ था। वे 1998 से 2013 तक तीन बार दिल्ली की मुख्यमंत्री रहीं। 2014 में उन्हें केरल का राज्यपाल बनाया गया था। हालांकि, उन्होंने 25 अगस्त 2014 को इस्तीफा दे दिया था। वे इस साल उत्‍तर-पूर्व दिल्‍ली से लोकसभा चुनाव लड़ीं थीं। हालांकि, उन्हें भाजपा के मनोज तिवारी के सामने हार का सामना करना पड़ा था। शीला 1984 से 1989 तक कन्नोज लोकसभा सीट से सांसद चुनी गई थीं। 1986–1989 तक वे केंद्रीय मंत्री भी रहीं।

पूर्व सीएम शीला दीक्षित का राजनीतिक सफर15 साल तक दिल्ली की गद्दी पर काबिज रहने वालीं शीला दीक्षित इससे पहले 1984 से 89 तक वे कन्नौज (उप्र) से सांसद रह चुकी हैं। वह राजीव गांधी सरकार में केन्द्रीय मंत्री भी थीं। शीला दीक्षित 1998 से 2013 तक लगातार 15 साल दिल्ली की मुख्यमंत्री रहीं। दिल्ली में अरविंद केजरीवाल को मिली अप्रत्याशित जीत के बाद शीला दीक्षित ने राजनीति से दूरी बना ली थी, लेकिन लोकसभा चुनावों में राहुल गांधी की अगुवाई में उन्होंने दिल्ली की कमान संभाली थी। दिल्ली में चुनाव हारने के बाद शीला दीक्षित केरल की राज्यपाल बन गई थी। 

दीक्षित 1984 में पहली बार बनी थीं सांसदशीला दीक्षित ने पहली बार 1984 में कन्नौज सीट से चुनाव लड़ा था। यहां उन्होंने सपा के छोटे सिंह यादव को  चुनाव में करारी शिकस्त दी थी। 1984 से 1989 तक सांसद रहने के दौरान वे यूनाइटेड नेशंस कमीशन ऑन स्टेटस ऑफ वीमेन में भारत की प्रतिनिधि रह चुकी हैं। इसके बाद 1998 में वे नई दिल्ली की मुख्यमंत्री बनीं और 2013 तक इस पद पर बनी रहीं।

पूर्व सीएम शीला दीक्षित की पढ़ाईशीला दीक्षित का जन्म पंजाब के कपूरथला में 31 मार्च, 1938 को हुआ था। शीला दीक्षित ने दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरांडा हाउस से इतिहास में मास्टर डिग्री हासिल की थी, उनका विवाह उन्नाव (यूपी) के आईएएस अधिकारी स्वर्गीय विनोद दीक्षित से हुआ था। विनोद कांग्रेस के बड़े नेता और बंगाल के पूर्व राज्यपाल स्वर्गीय उमाशंकर दीक्षित के बेटे थे, शीलाजी एक बेटे और एक बेटी की मां हैं। उनके बेटे संदीप दीक्षित भी दिल्ली के सांसद रह चुके हैं, दरअसल, मिरांडा हाउस से पढ़ाई के दौरान ही उनकी राजनीति में रुचि थी।

ज्यादा जानकारी के लिए देखिए न्यूज 24 की ये रिपोर्ट...