निठारी कांड: पंढेर-कोली को फांसी की सजा


नई दिल्ली (24 जुलाई):
11 साल पुराने निठारी रेप और मर्डर केस के दोषी मोनिंदर सिंह पढेर और उसके नौकर सुरेंद्र कोली को सीबीआई स्पेशल कोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई है। इन दोनों पर 20 साल की पिंकी को किडनैप करने, रेप करने और फिर उसकी हत्या कर आरोप था।

सीबीआई जज पवन कुमार तिवारी की कोर्ट ने प्रॉसिक्यूटर के वकील जेपी शर्मा की दलीलों पर गौर किया। शर्मा ने कोर्ट से कहा था कि साइंट‍िफिक कि फैक्ट्स से ये साबित हो चुका है कि कोली ने युवती को क‍िडनैप क‍िया। उसके साथ रेप क‍िया और फिर उसकी हत्या कर दी। उसने सबूतों के साथ छेड़छाड़ भी की।

इस केस से जुड़े 19 अलग-अलग मामले थे, जिनमें से 16 मामलों में पुलिस ने पंढेर और कोली के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। सबूत न होने की वजह से तीन मामलों को बंद कर दिया गया था। पिंकी सरकार केस समेत 9 मामलों में दोनों को सजा सुनाई जा चुकी है। 7 में अभी सुनवाई चल रही है।

पिछले सभी मामलों में पंढेर को जेल की सजा सुनाई गई थी। यह पहला केस है, जिसमें उसे फांसी की सजा सुनाई गई है। हालांकि, कोली को सभी 9 मामलों में फांसी की सजा सुनाई गई है।