शतक जड़ने के बाद भी सरफराज को पड़ी थी डांट, जानिए, क्यों

नई दिल्ली(15 अप्रैल): अंडर 19 वर्ल्ड कप के बाद अब आईपीएल-9 में भी सरफराज खान अपना जलवा दिखाने को बेताब हैं। इसकी एक झलक उन्होंने इस सीजन के पहले मैच में दिखा दिया। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ पहले मैच में सरफराज नें 10 गेंद में 35 रन ठोक डाले। 

पिता से पड़ी थी डांट

साल 2013 में भारत अंडर 19 मैच में द. अफ्रीका के 270 रनों के जवाब में 93 रनों पर चार विकेट गंवाकर संघर्ष कर रहा था, तभी मैदान में एक थुलथुले से दिखने वाले छोटे कद के एक बल्लेबाज की एंट्री हुई। वह मैदान के चारों और शॉट्स लगाता है और महज 66 गेंदो पर 101 रन ठोंक भारत को अकेले दम पर मैच में वापसी कराई देता है।

जब वह आउट होकर वापस पवेलियन की ओर आगे बढ़ रहा था तो उसे अपने पिता से हल्की डांट सुनने को मिलती है, “तुम्हें आउट नहीं होना था, तुम्हें मैच जिता कर लौटना चाहिए था।“ यह बल्लेबाज जब आउट हुआ तो भारत को 14 ओवरों में केवल 19 रनों की दरकार थी। 2015 में रॉयल चैलैंजर्स बैंगलुरू ने उन्हें 50 लाख की राशि में खरीदा था।

आईपीएल में सबसे कम उम्र के खिलाड़ी

आईपीएल में सबसे कम उम्र के खिलाड़ी (17) के तौर पर खेलने उतरे सरफराज ने अपने दूसरे ही मैच में 21 गेंदों पर ताबड़तोड़ 45 रन बनाकर अपने कप्तान विराट कोहली को भी अपना मुरीद बना लिया था। सरफराज जब 15 साल के थे तो उन्हें बीसीसीआई की बैटिंग एकेडमी से अनुशासन की कमी के चलते निकाल दिया गया था। जब उनका आत्मविश्वास डगमगाने लगा तो उनके पिता उन्हें मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन की एक मनोवैज्ञानिक के पास ले गए जिन्होंने सरफराज को मानसिक तौर पर मजबूती देने में काफी मदद की।

सरफराज की धुआंधार बल्लेबाजी का आलम ये है वे अंडर 19 क्रिकेट और घरेलू क्रिकेट में कई रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं और उन्हें टीम इंडिया के सबसे उभरते खिलाड़ियों में से देखा जा रहा है।