रियो : हार के बाद भी सानिया का हौसला बुलंद, 'मिक्स्ड डबल्स' में रोहन के साथ दिखाएंगी कमाल?

नई दिल्ली (7 अगस्त): रियो ओलंपिक में शनिवार का दिन भारत के लिए निराशापूर्ण रहा। खासतौर से टेनिस में उसे दोहरा झटका सहना पड़ा, जिसमें पुरुष डबल्स में लिएंडर पेस और रोहन बोपन्ना की हार के बाद महिला डबल्स में सानिया मिर्जा और प्रार्थना थंबोरे की जोड़ी भी बाहर हो गई। इस हार के बाद भी सानिया मिर्जा के हौसले कम नहीं हुए हैं। उन्हें मिक्स्ड डबल्स में पदक जीतने का भरोसा है।

- टेनिस के पुरुष और महिला डबल्स में भारत को मिली हार के बाद अब मिक्स्ड डबल्स में ही भारत की एकमात्र उम्मीद बची है। - इसमें रोहन बोपन्ना और सानिया की जोड़ी देश की तरफ से अगुवाई करेंगी। - कड़ी चुनौती के बावजूद मिली हार के बाद हैदराबाद की खिलाड़ी ने अपनी जोड़ीदार थोंबारे का बचाव किया। - हालांकि उन्होंने कहा कि मिक्स्ड डबल्स भी इतना ही कड़ा होगा।

सानिया बोलीं: हम अपनी जान लगा देंगे

रिपोर्ट के मुताबिक, हार के बाद सानिया ने कहा है कि वह मिक्स्ड डबल्स के लिए पूरा जोर लगा देंगी। इसमें उनकी जोड़ी रोहन बोपन्ना के साथ होगी। सानिया ने मिक्स्ड डबल्स के बारे में कहा, ‘‘यहां कड़ी चुनौती है, इसलिए यह ओलिंपिक है। भारत के लिए पदक जीतने के लिए हम वह सबकुछ करेंगे जो हम कर सकते हैं। अगर हम नहीं जीतते हैं तो ये दुर्भाग्यपूर्ण होगा, लेकिन हम अपनी जान लगा देंगे।’’

'भारत को मुझसे गोल्ड की उम्मीद'

महिला डबल्स में लगभग दो घंटे 44 मिनट तक चले मैच में सानिया और थोंबारे को चीन की शुआई पेंग-शुआई झांग की जोड़ी ने 7-6 (8-6), 5-7, 7-5 से हरा दिया। इसके बाद सानिया ने मीडिया से कहा कि हम अपना बेहतर प्रयास ही कर सकते हैं। भारतीय हमसे हमेशा गोल्ड की उम्मीद रखते हैं, लेकिन हर बार ऐसा संभव नहीं होता।

सानिया मिर्जा ने कहा, ‘‘मैं कैसा भी खेलूं, लेकिन भारत मुझसे हमेशा से स्वर्ण की उम्मीद करता है। आखिरकार हम लोग केवल कोशिश कर सकते हैं। खेल में किसी चीज की गारंटी नहीं होती। हम लोग सिर्फ कोशिश करके अपना सर्वश्रेष्ठ दे सकते हैं।’’