पहलवान साक्षी बनीं खेल रत्न की सबसे बड़ी दावेदार

नई दिल्ली (18 अगस्त): रियो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली पहलवान साक्षी खेल रत्न बनने की सबसे बड़ी दावेदार हो गयीं हैं। सरकार ने ओलंपिक की विशेष परिस्थितियों के मद्देनजर पहले ही घोषणा कर रखी थी कि एक से ज्यादा खिलाड़ी को ओलंपिक वर्ष में खेल रत्न पुरस्कार दिया जा सकता है।

इससे पहले राजीव गांधी खेल रत्न और अर्जुन पुरस्कार समिति ने देश के सर्वोच्च खेल पुरस्कार राजीव गांधी खेल रत्न के लिये जिम्नास्ट दीपा करमाकर और निशानेबाज जीतू राय के नाम की सिफारिश की और समिति ने अपनी बैठक के बाद उन खिलाड़ियों के दरवाजा खुला छोड़ा था, जिनकी संभावनाएं बाकी थीं।

पुरस्कार समिति ने अभी साक्षी के नाम की घोषणा नहीं कि है लेकिन जल्द ही यह घोषणा हो जाएगी। 52 वर्षों में पहली भारतीय जिमनास्ट के तौर पर रियो में उतरने वाली 23 वर्षीय त्रिपुरा की दीपा ने रियो की जिमास्टिक की वॉल्ट स्पर्धा में चौथा स्थान हासिल कर एक नया इतिहास रचा था। विश्व रैंकिंग में तीसरे नंबर के 29 वर्षीय जीतू ने पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा के फाइनल में जगह बनायी थी और आठवें स्थान पर रहे थे।

खेल रत्न के लिये भारतीय टेस्ट कप्तान और सुपरस्टार बल्लेबाज विराट कोहली का नाम भी था, लेकिन ओलंपिक के चलते उनका दावा कमजोर पड़ गया और समिति ने उनके नाम की सिफारिश नहीं की। वैसे खेल रत्न के लिये टिंटू लूका, अनिर्बाण लाहड़ी, विकास गौड़ा, मिताली राज, दीपिका पल्लीकल समेत 10 खिलाड़ियों ने आवेदन दिया था।