रूस का 'शक्ति' परीक्षण, 10 साल बाद फिर उड़ाया MiG-35

मोस्को (28 जनवरी): रूस ने एकबार फिर आसमान में दुनिया को अपनी ताकत दिखायी है। रूसी वायुसेना ने चौथी पीढ़ी के अत्याधुनिक MiG-35 लड़ाकू विमान का सफल परीक्षण कर उड़ान शुरू कर दी है।मिग-35 की परीक्षण उड़ान को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने सैकड़ों किलोमीटर की दूरी से अपने ऑफिस में विडियो लिंक के जरिए यह नजारा लाइव देखा।

बताया जा रहा  है कि अगले 3 साल में रूसी एयरफोर्स 30 MiG-35 विमानों से लैस हो जाएगी।  यह विमान उड़ने और हवा में कलाबाजी खाने के साथ-साथ दुश्मन के रडार को चकमा देने में माहिर है। हवा में होने वाले मुकाबले में इसकी फुर्ती का जवाब नहीं है।

खतरनाक हथियारों से लैस इस विमान की यह दूसरी उड़ान है। इसकी पहली उड़ान 10 साल पहले हुई थी। पुतिन ने उम्मीद जताई है कि इस विमान को रूसी वायुसेना के अलावा दूसरे देश भी खरीदने में दिलचस्पी दिखाएंगे और इसकी वजह यह है कि रूस का ये नया विमान एक साथ 10 से 30 निशानों को खोजकर पहचान सकता है।

आधुनिक मिसाइलों से लैस इस विमान में लगी तोप भी जबरदस्त है। इसके दोनों डैनों पर अत्याधुनिक स्मार्ट बम लगाए जा सकते हैं। रूस का यह विमान एक बार में 2,000 किलोमीटर दूर तक जा सकता है। MiG-35 1982 के बाद से सेवारत MiG-29 लड़ाकू विमान का सबसे उन्नत संस्करण है।