रूस का पाकिस्तान से तौबा, अब नहीं करेगा साझा सैन्य अभ्यास !

मास्को (21 फरवरी): पाकिस्तान के नापाक हरकत और मंसूबों से अब रूस भी वाकिफ हो गया। रूस ने अब भविष्य में पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय सैन्य अभ्यास नहीं करने का मन बना लिया है। जानकारी के मुताबिक पाकिस्तानी नेवी ने हाल में रूस को द्विपक्षीय सैन्य अभ्यास का न्योता सौंपा है, जिस पर रूस ने चुप्पी साध ली है।

पिछले साल रूस और पाकिस्तान के बीच सैन्य अभ्यास हुआ था। पहले इस अभ्यास के पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में होने की अटकलें पाकिस्तानी मीडिया में थीं, लेकिन रूस ने इससे इनकार कर दिया था। हालांकि रूस ने पाकिस्तान के साथ पीओके से दूर युद्ध अभ्यास किया था।

भारत में इस अभ्यास पर चिंता जताई गई थी। भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस मसले पर अपनी चिंता की जानकारी रूस को दे दी थी। हाल के दिनों में रूस, पाकिस्तान और चीन के बीच गठजोड़ की बातें भी कही जा रही थीं।

उच्च पदस्थ सूत्रों का कहना है कि रूस अब इस बात को मान रहा है कि उस अभ्यास से 'पुराने दोस्त' भारत को तकलीफ हुई थी। हालांकि रूस का कहना है कि उसका मकसद यह नहीं था, वह अपनी सेना की क्षमता बढ़ाना चाहता था और पाकिस्तान के हालात का जायजा लेना चाहता था। अभ्यास के नाम पर भारत और रूस में दरार पैदा करने की कोशिश की गई। 

आतंकवाद के मामले में भी पाकिस्तान के रोल को रूस अच्छे से जानता है। रूस ने उड़ी अटैक के बाद साफ-साफ कहा था कि आतंकवादी पाकिस्तान से आए थे। पाक के कब्जे वाले कश्मीर में सर्जिकल स्ट्राइक के भारत के फैसले का भी रूस ने समर्थन किया था।

प्रधानमंत्री मोदी जून में रूस जाने वाले हैं। भारत से कई बड़ी रक्षा डील का भी रूस को इंतजार है। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल 30-31 जनवरी को रूस की यात्रा पर थे। वहां उन्होंने कई मसलों पर हाई लेवल बातचीत कर रिश्तों में बेहतरी की कोशिश की थी।