जैन मुनि की अंत्येष्टि के लिए लगी 11 करोड़ की बोली

नई दिल्ली(26 सितंबर): रविवार को जैन मुनि आचार्य श्री प्रेमसूरजीस्वाजी का निधन हो गया, जिसके बाद जैन समुदाय के 5 लोगों ने मिलकर 11 करोड़ की भारी भरकम रकम की बोली लगायी है ताकि श्रद्धेय जैन मुनि की अंत्येष्टि हो सके। इसमें एक मशहूर डॉक्टर, बिल्डर और तीन व्यवसायी शामिल हैं। यह कोई पहली बार नहीं है जब जैन मुनियों और संतों की अंतिम यात्रा पर भारी भरकम रकम खर्च की जा रही है लेकिन 11 करोड़ की इतनी बड़ी रकम ने पिछले सारे रेकॉर्ड तोड़ दिए हैं।

- श्री प्रेमसुरजीस्वाजी जो कि जैन तपगच्छ संघ के प्रमुख थे कि उम्र 97 साल थी और उन्होंने अपने जीवनकाल में देशभर के हजारों अनुयायियों को दीक्षा दिलायी थी।

- प्रतिष्ठित मुनियों की अंतिम यात्रा का हिस्सा बनने को जैन समुदाय के लोग अपने लिए बड़ी उपलब्धि मानते हैं। चिता जलाने के अलावा दूसरे रिवाजों के लिए भी बोली लगती है। बोली लगाने वालों से जमा की रकम का इस्तेमाल धार्मिक और धर्मार्थ के कार्यों में किया जाता है।

- मुंबई के वाल्केश्वर स्थित बाबू पन्नालाल जैन मंदिर में रविवार को बोली लगाने का कार्यक्रम हुआ था जो करीब तीन घंटे तक चला। एक मशहूर डॉक्टर, बिल्डर और तीन व्यवसायियों ने मिलकर 11 करोड़ 11 लाख 11 हजार 1 सौ 11 रूपए इक्ट्ठा किए जिससे जैन मुनि की अंत्येष्टि की गई।

- श्री प्रेमसूरजीस्वाजी का पार्थिक शरीर सैंकड़ों लोगों की भीड़ के बीच पालकी में रखकर पंचशील प्लाजा की बिल्डिंग के पीछे के मैदान में ले जाया गया जहां उनका दाह संस्कार हुआ।