इस नदी में लगी ऐसी आग कि देखते रह गए सभी

सिडनी (27 अप्रैल): आमतौर पर पानी से आग बुझाई जाती ही है, लेकिन जब पानी में ही आग लग जाए तो क्या कहेंगे। ऑस्ट्रेलिया के क्वींसलैंड में हैरान कर देने वाला मामला सामने आया। यहां की कोडमाइन नदी में ऐसी आग लगी कि सब देखते रह गए।

दरअसल, कोडमाइन नदी के करीब सैकड़ों की संख्या में मीथेन गैस के कुएं हैं। इन कुओं से मीथेन गैस निकाला जाता है। बताया जा रहा है कि रिसाव की वजह से मीथेन गैस नदी के उपरी सतह पर तैर रही है। नदी के आसपास कुंओं से गैस निकालने का विरोध कर रहे ग्रीन पार्टी के सांसद बकिंघम नाव पर सवार हुए। उन्होंने किचेन लाइटर को जलाया और देखते ही देखते आग ने नदी को गिरफ्त में ले लिया।

बकिंघम का कहना है कि कोडमाइन नदी मुरे-डार्लिंग नदी का हिस्सा है। नदी के पास हो रही गैस कुओं में लीकेज की वजह से मीथेन गैस ने कोडमाइन को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। बकिंघम ने इससे पहले साउथ क्वींसलैंड के चिंचिला का दौरा किया था और ये आरोप लगाया था कि गैस निकालने वाली कंपनियां सुरक्षा नियमों की अनदेखी कर रही हैं।

साल 2012 में भी गैस रिसाव को लेकर कंपनियों पर आरोप लगे थे। लेकिन कंपनियों ने आरोपों को झूठा करार दिया। मीथेन गैस निकालने वाली कंपनी ओरिजिन एनर्जी ने अपनी सफाई में कहा कि नदी में आग लगने के पीछे जियोलॉजिकल फॉल्ट या वाटर स्प्रिंग जिम्मेदार हो सकते हैं। इस तरह के हादसे के लिए कंपनी जिम्मेदार नहीं है। लेकिन ग्रीन एमपी बंकिंघम मे कंपनी के दावों और बयानों को बकवास करार दिया। उन्होंने कहा कि कंपनियां गैर जिम्मेदाराना ढंग से काम कर रही हैं।