कम उम्र में संबंध बनाने से बढ़ जाते हैं यह खतरे...

नई दिल्‍ली (7 जनवरी): किशोरावस्‍था में बच्‍चे आसानी से अच्‍छी और बुरी चीजों के प्रति आकृषित हो जाते हैं। ऐसे में परिजनों को चाहिए कि वह उनपर नजर रखें। ऐसे ही एक शोध के अनुसार, किशोरावस्था में यौन संबंध बनाने वाले किशोर-किशोरियों में सेक्सुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शंस (एसटीआई) होने का खतरा बहुत ज्यादा होता है।

एसटीआई में सूजाक (गानरीअ), उपदंश (सिफलिस), क्लैमाइडिया, एचआईवी या अन्य संक्रमण वाली बीमारियां शामिल हैं। एक शोध में कहा गया है कि दुनियाभर में चिकित्सीय एवं मनोवैज्ञानिक समस्याओं की चपेट में आने की वजहों में यौन संबंधों से होने वाला संक्रमण सबसे प्रमुख वजह है। शोधकर्ताओं ने कहा, 'यह शोध दिखाता है कि कम उम्र में यौन संबंधों से एसटीआई से दो-चार होने का जोखिम बढ़ता है।'

इस विश्लेषण में यौन संबंध स्थापित कर चुके 22,381 नाबालिगों के जवाबों को शामिल किया गया था। इनमें से करीब 7.4 फीसदी किशोरों एवं 7.5 फीसदी किशोरियों ने एसटीआई से दो-चार होने की बात कही। शोधकर्ताओं ने पाया कि लड़के व लड़कियों दोनों में पहले यौन संबंध के वक्त उम्र कम होने की वजह से सेक्सुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शंस बढ़ गया। 12वीं कक्षा में पहली बार यौन संबंध बनाने वाले किशोरों की तुलना में सातवीं कक्षा में पहली बार यौन संबंध बनाने वाले किशोर-किशोरियां एसटीआई से तीन गुना ज्यादा प्रभावित हुए।