रीयल लाइफ के '3 इडियट्स' ने लद्दाख के मठ को किया रोशन

नई दिल्ली(7 अगस्त): दोस्तों के इस ग्रुप के लिए ऐडवेंचर लोगों की जिंदगी में रोशनी लाना है। एक वैश्विक हिमालयी अभियान के तहत जागरांव के पारस, चंडीगढ़ के वरुण लूंबा और जयदीप बंसल ने लद्दाख की लुंगनाक घाटी को रोशन करने का काम किया। इनकी अगुवाई में इलाके में बिजली के लिए छोटे माइक्रो ग्रिड इन्स्टॉल किए गए।

- स्थानीय लोगों का मानना है कि सभ्यता का विकास तभी होगा जब भगवान के घर में रोशनी आएगी। इस मान्यता का ध्यान रखते हुए दुनियाभर के वॉलंटिअर्स सबसे पहले फुगतल मठ में बिजली ले आए। लेह से करीब 500 किलोमीटर की दूरी पर स्थित फुगतल मठ लुंगनाक नदी के किनारे बसा है, जो दुनिया का सबसे पुराना मठ है। लद्दाक पहुंचने वालों के लिए भले ही यह मठ रिमोट एरिया में प्रतीत हो, लेकिन स्थानीय लोग अक्सर इस मठ में जाते हैं। वॉलंटिअर्स ट्रेकिंग कर मठ पहुंचे और वहां रोशनी ले आए।

- इस मठ तक पहुंचने के लिए करीब 20 किलोमीटर पैदल चलना पड़ता है। गाड़ियों की आवाजाही के लिए सबसे नजदीकी सड़क करीब 20 किलोमीटर की दूर पर है।

- वॉलंटिअर्स में से एक पारस ने बताया, 'हमारी योजना पहले गांवों में बिजली पहुंचाने की थी। लेकिन स्थानीय लोगों ने कहा कि पहले फुतगल मठ को रोशन किया जाए, क्योंकि उनका मानना है कि पहले भगवान के घरल में रोशनी का पहुंचना शुभ फलदायी होगा।'

- वहीं, दूसरे वॉलंटिअर जयदीप ने कहा, 'एकांत में होने की वजह से यहां के लोगों का विकास नहीं हो पा रहा, वे दुनिया के साथ कदम नहीं मिला पा रहे। जहां तक मठ का सवाल है उसमें बहुत संभावनाएं हैं।'