VIDEO: न्यूज24 के आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' का सबसे बड़ा खुलासा, किडनी रैकेट का पर्दाफाश

नई दिल्ली (25 मई): न्यूज 24 ने आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' के जरिए टीवी के इतिहास का सबसे बड़ा खुलासा किया है। यह खुलासा किडनी रैकट का है कि किस तरह देश में सीधे साधे लोगों को बहला फुसला कर उनको पैसे का लालच देकर दलाल उनकी किडनी निकाल लेते हैं।

अब हम आपको बताते हैं कब कैसे आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' के जरिए न्यूज24 ने काम किया। आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' में दलालों और डाॅक्टरों के सबसे बड़े रैकेट का खुलासा हुआ है।

न्यूज24 के पत्रकार और दिल्ली पुलिस ने मिलकर आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' 40 दिनों तक संयुक्त आॅपरेशन के माध्यम से अंजाम दिया है। दिल्ली ही नहीं पूरे देश में किडनी रैकेट का इस आॅपरेशन 'जीवन मृत्यु' के जरिए भंडाफोड़ हुआ है। किडनी रैकेट के सौदागरों ने सरकार के नियमों को ठेंगा दिखाते हुए डोनर को ही किडनी पेसेंट का बेटा बना दिया।

VIDEO 1

डोनर और पेसेंट में कहीं कोई रिश्ता नहीं, लेकिन दलालों ने आधार कार्ड से लेकर जन्म प्रमाण पत्र तक बनवा दिया और तो और इस रैकेट में शामिल डॉक्टरों ने किडनी पेसेंट का बेटा साबित करने के लिए डोनर का डीएनए टेस्ट भी पाजिटीव कर दिया गया। अब आप सोचिए नियम कहां है, क्या है, सरकार कहां है, सिस्टम कहां है। आधार कार्ड भी फर्जी, बर्थ सर्टिफिकेट भी फर्जी, डीएनए टेस्ट भी फर्जी। देश के भ्रष्टतंत्र और दलालतंत्र का इससे बड़ा सुबूत और क्या होगा?

कैसे हुआ पूरा ऑपरेशन  

न्यूज24 के आॅपरेशन जीवन मृत्यु का संबंध केवल दिल्ली या एक राज्य तक नहीं है, बल्कि पूरे देश में फैले किडनी रैकेट से है। इस कहानी की शुरुआत अप्रैल महीने के शुरु में हुई। राजस्थान के एक युवक ने न्यूज24 से संपर्क किया और इस किडनी रैकेट के बारे में जानकारी दी।

पहली बार हमें विश्वास नहीं हुआ। हमने पूरी बात दिल्ली पुलिस के क्राइम ब्रांच को बताई और पूरे रैकेट को कैमरे पर कैद करने का प्लान बनाया। उस युवक को लगातार हैदराबाद, बैंगलुरु और उड़ीसा से किडनी के सौदगारों के फोन आ रहे थे। 14 अप्रैल 2017 को उस युवक की मुलाकात किडनी के सौदागरों से दिल्ली के जीके वन के एम ब्लाक में हुई।

VIDEO 2

न्यूज24 की खुफिया टीम और दिल्ली पुलिस के क्राइम ब्रांच के लोग उस मुलाकात का हिस्सा थे। उसी शाम साकेत के एक शॉपिंग मॉल में किडनी के दलालों ने हमारी मुलाकात किडनी पेसेंट के परिवारवालों से कराई जिनसे 4 लाख में सौदा तय हुआ। उस युवक ने किडनी बेचने के लिए हामी भर दी लेकिन इसके बाद जो कुछ हुआ वो सब हैरान कर देने वाला था।

दलालों ने दिल्ली के प्रसिद्ध बत्रा अस्पताल, दिल्ली के किडनी डाक्टर से भी हमारी मुलाकात करवाई। किडनी के पेसेंट के बेटे के तौर पर। हमारे सूत्र यानि राजस्थान के उस युवक का हर कागज तैयार करा दिया गया। आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र और यहा तक कि डीएनए रिपोर्ट भी फर्जी तैयार कर दी गई। कागज पर युवक किडनी पेसेंट का बेटा बन गया और मेडिकल बोर्ड ने भी उसे पास कर दिया। आपरेशन की तारीख भी 25 मई यानी गुरुवार को निर्धारित हो गई। युवक के सारे टेस्ट भी कर लिए गए और ऐन वक्त पर इस पूरे रैकेट का भंडाफोड़ आज 25 मई को हो गया जब दलाल गिरफ्तार हो गए।

VIDEO 3