चूहे नहीं मार पा रहा पाकिस्तान!

नई दिल्ली (4 मई) :  'चूहा मार अभियान' के बावजूद पाकिस्तान के पेशावर शहर में चूहों का आतंक बढ़ता ही जा रहा है। बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक बीते महीने 374 लोग चूहों के काटने से ज़ख्मी हुए। हालत ये है कि पूरे शहर में चूहों के नाम से ही दहशत छाई हुई है।

चूहों के काटे की अधिकतर घटनाएं पेशावर के उन इलाक़ों से हैं जहां खाने और गल्ले की दुकाने हैं। चूहों के शिकार ज़्यादातर लोग वो हैं जो ज़मीन पर सोते हैं। ज़िला प्रशासन ने चूहा मारने के लिए जनता के सहयोग से एक अभियान भी चलाया था और लोगों को प्रत्येक चूहा मारने के बदले तीस रुपए भी दिए जा रहे थे। लेकिन बाद में ये चूहा मार अभियान बंद कर दिया गया.

शहर के लेडी रीडिंग अस्पताल में प्रति दिन चूहों के काटे के शिकार कई लोग पहुंचते हैं। बताया जा रहा है कि यहां चूहे आम चूहों के मुकाबले कहीं बड़े साइज़ के होते हैं।

लेडी रीडिंग अस्पताल के प्रवक्ता सैय्यद जमील शाह के मुताबिक अप्रैल में चूहों के काटने से घायल होने वालों में 174 बच्चे और 72 महिलाएं हैं। अगर चूहा गर्दन से नीचे काटे तो एक इंजेक्शन दिया जाता है और अगर गर्दन ऊपर काटे तो चार इंजेक्शन कुछ दिनों के अंतराल से दिए जाते हैं।