सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाक की तरफ से कम हुई घुसपैठ: राजनाथ सिंह

नई दिल्ली ( 1 जून ): केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिह ने गुरुवार को कहा कि 2016 में सेना द्वारा नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पार की गई सर्जिकल स्ट्राइक के बाद आतंकवादियों द्वारा घुसपैठ के मामले घटे हैं।

राजनाथ ने सीमा सुरक्षाबल (बीएसएफ) के एक कार्यक्रम के दौरान कहा, 'सर्जिकल स्ट्राइक के बाद घुसपैठ के मामले घटे हैं।' सेना ने नियंत्रण रेखा के पार आतंकवादी ठिकानों को नष्ट करने के लिए सर्जिकल स्ट्राइक की थी जिसमें दर्जनभर आतंकवादी मारे गए थे।

गृहमंत्री ने कहा, 'बॉर्डर पर सुरक्षा को तीन स्तरीय बनाने की तरफ कदम बढ़ा रहे हैं, पुलिस और खुफिया एजेंसियां सीमा पर मौजूद हैं।' उन्होंने कहा, 'सुरक्षा के साथ-साथ, देश की अखंडता और एकता की जिम्मेवारी भी सीमा सुरक्षा बल के ऊपर है।'

राजनाथ ने कहा, 'दुश्म सोशल मीडिया के माध्यम से अफवाह फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। हमारे जवान व्हाट्स और फेसबुक के जरिये इसकी सूचना दे रहे हैं।'

गृहमंत्री ने पाकिस्तानी सीमा से भारत में घुसपैठ पर भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान की तरफ से घुसपैठ में कमी आई है और इसमें बीएसएफ के जवानों की महत्त्वपूर्ण भूमिका है।

इस दौरान राजनाथ ने बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स को 'फर्स्ट वॉल ऑफ डिफेंस' बताया। राजनाथ ने सीमाओं की चाक चौबंद व्यवस्था पर कहा कि इसके लिए तीन लेयर सुरक्षा होनी चाहिए जिसमें बीएसएफ के साथ इंटेलिजेंस और पुलिस सुरक्षा बढ़ाना शामिल है।

गृहमंत्री ने ड्रेस को लेकर भी जवानों को नसीहत दी। उन्होंने कहा कि ड्रेस अगर ढीली रहती है तो आप अपने रुतबे से समझौता कर रहे हैं इसलिए जवान और अधिकारी अपनी ड्रेस को हमेशा ठीक रखें।

उन्होंने कहा कि जवानों की समस्या के लिए App लाॅन्च किया है। सभी जवान अपनी समस्या तय किए गए फोरम पर बात रखें।

महीने में एक बार में जरूर देखूंगा की कितना समाधान हुआ।

बता दें कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। सेना ने नौशेरा सेक्टर में 20-21 मई को ऑपरेशन चलाकर पाक चौकियों को निशाना बनाया. सेना ने लगातार हो रही घुसपैठ के खिलाफ यह कार्रवाई की। साथ ही सेना की ओर से एक वीडियो भी जारी किया गया है जिसमें सेना के ऑपरेशन का सबूत दिया गया है।