डाक्टरों की हड़ताल पर हाईकोर्ट सख्त, कहा- कोई भी कार्रवाई कर सकती है सरकार

केजी श्रीवत्सन, नई दिल्ली ( 25 दिसंबर ): राजस्थान में करीब दस दिन से हड़ताल पर चल रहे सरकारी डॉक्टरों को लेकर राजस्थान हाईकोर्ट ने सख्त रूख दिखाया है।  हाईकोर्ट ने कहा है कि सरकार डॉक्टरों के खिलाफ जो भी कानूनी कार्रवाई करना चाहती है, वह कर सकती है। 

गौरतलब है कि डॉक्टरों की हड़ताल के मामले में आज अवकाश के बावजूद कोर्ट खोला गया और मुख्य न्यायाधीष प्रदीप नंद्राजोग तथा डी.सी. सोमनी की खण्डपीठ ने विशेष सुनवाई की।

राजस्थान में सरकारी डॉक्टर दस दिन से हड़ताल पर है और आज उनके समर्थन में निजी अस्पतालों में भी ओपीडी सेवाएं बंद हैं। इसक असर पूरे प्रदेश में देखा जा रहा है। डॉक्टरों की हठधर्मिता के मामले में अधिवक्ता अभिनव शर्मा और सरकार की ओेर से विशेष सुनवाई के लिए प्रार्थना पत्र दिया गया था। इसी के तहत यह सुनवाई हुई।

हाईकोर्ट ने सुनवाई करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार डॉक्टर हड़ताल पर नही जा सकते हैं और उसके बाद भी 10​ दिन से हडताल पर हैं। महाधिवक्ता नरपत मल लोढ ने कहा कि राज्य सरकार ने हाईकोर्ट के 19 दिसम्बर के आदेश के बाद किसी को गिरफतार नहीं किया गया है। लेकिन उसके बाद भी डॉक्टर काम पर नहीं लोटें हैं।

हाईकोर्ट ने कहा कि तबादला राज्य सरकार का हक है इसके चलते अगर हडताल की जा रही है तो ये ठीक नही है। हाईकोर्ट ने साफ कर दिया है कि अब राज्य सरकार डाक्टरों के खिलाफ जो भी चाहे कानूनी कार्रवाई करना चाहती है तो वह कर सकती है।