Blog single photo

22,000 वैगन की खरीदारी का टेंडर लाएगा रेलवे

भारतीय रेलवे मौजूदा फाइनेंशियल ईयर में 22,000 वैगन का अपना सबसे बड़ा टेंडर ला रहा है जिसकी कीमत कम से कम 7,000 करोड़ रुपये होगी। ऑर्डर्स रिवर्स ई-ऑक्शन मॉडल के जरिए दिए जाएंगे। अगर सबसे कम रेट ऑफर करने वाला बिडर समूचा ऑर्डर नहीं ले पाएगा तो दूसरा सबसे कम रेट ऑफर करने वाले को फ्रेश टेंडर बिना ऑर्डर हासिल करने का मौका मिलेगा।

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (26 जून): भारतीय रेलवे मौजूदा फाइनेंशियल ईयर में 22,000 वैगन का अपना सबसे बड़ा टेंडर ला रहा है जिसकी कीमत कम से कम 7,000 करोड़ रुपये होगी। ऑर्डर्स रिवर्स ई-ऑक्शन मॉडल के जरिए दिए जाएंगे। अगर सबसे कम रेट ऑफर करने वाला बिडर समूचा ऑर्डर नहीं ले पाएगा तो दूसरा सबसे कम रेट ऑफर करने वाले को फ्रेश टेंडर बिना ऑर्डर हासिल करने का मौका मिलेगा।  रेलवे मिनिस्ट्री को उम्मीद है कि बल्क टेंडर से वैगंस की कॉस्ट कम से कम 15-20% कम पड़ेगी। रेलवे मिनिस्ट्री हर साल औसतन 8,000 वैगन खरीदता है।

मिनिस्ट्री के एक अफसर ने कहा, 'यह साइज और रकम दोनों के हिसाब से रेलवे का सबसे बड़ा टेंडर है। बल्क टेंडर फ्यूचर डिमांड को ध्यान में रखकर निकाला जा रहा है। अभी हम बड़े क्लाइंट्स को सर्विस नहीं दे पाते हैं क्योंकि हमारे पास रेक ही उपलब्ध नहीं हैं। मिनिस्ट्री यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रही है कि बल्क कंज्यूमर्स के लिए पूरे साल रेक उपलब्ध हों।'रेलवे मिनिस्टर पीयूष गोयल ने हाल ही में इंडस्ट्री से वैगन मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी बढ़ाने के लिए कहा था। गोयल ने कहा था, 'ऐसा नहीं होने पर मिनिस्ट्री के पास वैगन इंपोर्ट करने के अलावा और कोई चारा नहीं रह जाएगा। हमें हर महीने लगभग 1000 वैगन की जरूरत है जबकि इंडस्ट्री सिर्फ 400 मुहैया करा पा रही है।

Tags :

NEXT STORY
Top