राहुल का भाजपा पर तंज़, कहा- 'मोदी बचाओ, विज्ञापन चलाओ'

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (22 जनवरी):  कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' योजना का ज्यादातर पैसा विज्ञापन पर खर्च होने संबन्धी खबर को लेकर मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इस सरकार में सिर्फ 'मोदी बचाओ, विज्ञापन चलाओ' के फार्मूले पर काम हो रहा है। गांधी ने एक खबर को शेयर करते हुए ट्वीट किया, ''मोदी बचाओ, विज्ञापन चलाओ।'' गांधी ने जो खबर शेयर की उसमें कहा गया है कि 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' योजना के लिए साल 2014-15 से 2018-19 तक आवंटित हुए कुल फंड का 56 फीसदी से ज्यादा हिस्सा 'मीडिया संबंधी गतिविधियों' पर खर्च किया गया ।

राहुल गांधी ने एक वेबसाइट की रिपोर्ट को ट्वीट की है। रिपोर्ट के अनुसार, केंद्र की मोदी सरकार ने ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ योजना के लिए जारी फंड का 56 फीसदी हिस्सा सिर्फ विज्ञापन पर खर्च कर दिया। राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में इसी रिपोर्ट का जिक्र करते हुए मोदी सरकार पर हमला बोला है। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी मोदी सरकार द्वारा योजनाओं पर पैसा कम खर्च करने और उसके प्रचार पर ज्यादा पैसा खर्च करने को लेकर सरकार की कड़ी निंदा की है। उन्होंने ट्वीट कर कहा, “मोदी बचाओ, विज्ञापन चलाओ।”

वहीँ अगर कांग्रेस की बात करें तो आगामी लोकसभा चुनाव के लिए पार्टी ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इस बीच सियासी गलियारों में ऐसी चर्चा है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी अमेठी समेत तीन लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ सकते हैं। महाराष्ट्र के पूर्व सीएम अशोक चव्हाण के गृह कस्बे नांदेड़ के साथ ही मध्य प्रदेश में किसी सुरक्षित सीट से उनके चुनाव लड़ने की चर्चा है। राहुल के नांदेड़ से चुनाव लड़ने की अटकलों को अशोक चव्हाण के बयान से बल मिला है। इसपर चव्हाण ने कहा, 'राहुल गांधी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष हैं। वह किसी भी लोकसभा सीट से सफलतापूर्वक लड़ सकते हैं। अगर वह नांदेड़ से चुनाव लड़ने का फैसला करते हैं तो उनका बहुत स्वागत है।'

बता दें कि राहुल गांधी ने मार्च 2004 में राजनीति में एंट्री का ऐलान किया था। वह लगातार तीन बार से उत्तर प्रदेश के अमेठी लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं। वह पहली बार इस सीट से मई 2004 में निर्वाचित हुए थे। इसके बाद 2009 का चुनाव भी उन्होंने अमेठी से ही जीता था। 2014 के लोकसभा चुनाव में मोदी लहर के दौरान बीजेपी ने अमेठी से स्मृति इरानी को उतारकर मुकाबले को दिलचस्प बना दिया था। मगर स्मृति भी राहुल को हराने में नाकाम रहीं।