क्या 'खाली' है कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का सरकारी बंगला? जानें क्यों उठ रहे सवाल...

rahul gandhi

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (11 जून):  लोकसभा सांसदों के दिल्ली में आवास आवंटन के लिए लोकसभा सचिवालय ने सर्कुलर जारी किया है जिसमें खाली/उपलब्ध घरों-बंगलों की सूची है। इस सूची में सबसे हैरान करने वाला बंगला नम्बर है 12, तुगलक लेन, जो कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का मौजूदा आधिकारिक आवास है। नियम के मुताबिक सांसदों को लोकसभा सचिवालय की तरफ से खाली घरों/बंगलों की सूची दी जाती है ताकि वो इसके लिए आवेदन दे सकें। सांसदों को दी गई ऐसी सूची में कुल 517 फ्लैट और बंगलों का ब्यौरा है। इनमें राहुल गांधी के आधिकारिक बंगले को आवंटन के लिए खाली/उपलब्ध बंगलों में डाला गया है। ये बंगला तुगलक लेन में स्थित है और इसकी संख्या 12 है।

राहुल गांधी जब से सांसद बने हैं तब से ही 12, तुगलक लेन उनके लिए आवंटित है। राहुल का मौजूदा बंगला टाइप 8 की श्रेणी का है जो सबसे ऊंची श्रेणी है। यानी नवनिर्वाचित सांसदों में से वैसे सांसद जो टाइप 8 बंगले के योग्य हैं वो राहुल गांधी का बंगला मुआयना करने जा सकते हैं साथ ही इस बंगले में शिफ्ट होने लिए आवेदन दे सकते हैं। ये हैरान करने वाली बात इसलिए है क्योंकि राहुल गांधी चौथी बार सांसद बने हैं. विपक्षी दल के अध्यक्ष हैं। राहुल गांधी तीन बार से अमेठी से सांसद बन रहे थे हालांकि इस बार वो अमेठी से चुनाव हार गए लेकिन वायनाड से सांसद चुने गए हैं। राहुल को एसपीजी सुरक्षा भी प्राप्त है। साथ ही साथ वो सबसे बड़े विपक्षी दल यानी कांग्रेस के अध्यक्ष भी हैं।

सूत्रों के मुताबिक उनके दफ्तर को भी इस सर्कुलर बारे में जानकारी नहीं थी। सर्कुलर में राहुल के बंगले के जिक्र पर सवाल पूछे जाने पर लोकसभा सचिवालय के एक अधिकारी ने कहा कि उन्हें इस बारे में जानकारी नहीं है। सवाल ये उठता है कि क्या राहुल गांधी के बंगले पर सरकार की नजर है और वो खाली करवाया जाएगा?

इस मामले पर कांग्रेस नेता और पूर्व में हाउस कमिटी के अध्यक्ष रहे जेपी अग्रवाल ने कहा कि राहुल गांधी के आधिकारिक आवास वाला बंगला 'खाली' श्रेणी में रखना अशोभनीय है और ये राजनीतिक दखल दे कर किया गया है। अग्रवाल ने ये भी कहा कि सर्कुलर जारी करने का काम हाउस कमिटी करती है। हाउस कमिटी का गठन लोकसभा अध्यक्ष के द्वारा किया जाता है। बिना हाउस कमिटी के गठन हुए लोकसभा सचिवालय द्वारा जारी ये सर्कुलर अपने आप में गलत है, ऊपर जैसी गलती की गई उसपर जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।

गौरतलब है कि राहुल गांधी चौथी बार सांसद बने हैं। देश के सबसे बड़े विपक्षी दल के अध्यक्ष हैं। राहुल गांधी तीन बार यानी 2004 से 2019 तक अमेठी से सांसद चुने गए थे, हालांकि इस बार वो अमेठी से चुनाव हार गए लेकिन वायनाड से सांसद चुने गए हैं। राहुल को एसपीजी सुरक्षा भी मिली हुई है।