कांग्रेस ने CAG से मुलाकात कर राफेल डील की जांच की मांग की

रमन झा, न्यूज 24, नई दिल्ली (19 सितंबर ): राफेल पर जारी घमासान फिलहाल थमता नजर नहीं आ रहा है। कांग्रेस ने राफेल डील को लेकर केंद्र सरकार पर अपना हमला तेज कर दिया है। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने इस मामले को लेकर आज सीएजी से मुलाकात की और पूरे मामले की जांच की मांग की। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल में गुलाम नबी आजाद, अहमद पटेल, आनंद शर्मा, रणदीप सुरजेवाला समेत पार्टी के अन्य नेता शामिल थे। सीएजी से मुलाकात के बाद पूर्व केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने कहा कि, 'हमने सीएजी को राफेल सौदे में हुई अनियमितताओं से जुड़े जरूरी दस्तावेजों के साथ विस्तृत ज्ञापन सौंपा है। उम्मीद है कि जल्दी इसकी विस्तार से जांच कराई जाएगी।'

वहीं कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि 'हमने सीएजी को राफेल सौदे में अनियमितताओं के बारे में आगाह किया। एक विमान की कीमत 520 करोड़ रुपये जो यूपीए सरकार में तय की गई थी। उस डील को मोदी सरकार ने बदल दिया, और अब उसी विमान को केंद्र सरकार 1600 करोड़ में खरीद रही है और 126 विमानों की जगह सिर्फ 36 विमान का ही सौदा किया है।' साथ ही कांग्रेस प्रवक्ता ने कि 'हमने सीएजी के सामने यह बात रखी कि पीएम मोदी के फ्रांस दौरे से ठीक 12 दिन पहले रिलायंस द्वारा एक कंपनी बनाई गई और उसे राफेल सौदा दे दिया गया।'

आपको बाता दें कि इससे पहले कल यानी मंगलवार को ही पूर्व रक्षा मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एके एंटनी ने यूपीए से कम कीमत पर राफेल विमान खरीदने के सरकार के दावों को खारिज करते हुए कहा कि अगर यह सच है तो सरकार कीमतों का खुलासा क्यों नहीं कर रही। सौदे की जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (जेपीसी) से जांच की मांग दोहराते हुए एंटनी ने कहा कि अगर यह सौदा सस्ते में हुआ है तो सरकार ने 126 की जगह केवल 36 विमान ही क्यों खरीदे हैं?

कांग्रेस का आरोप है कि जो विमान कांग्रेस के समय में 520 करोड़ में खरीदा जा रहा था वो अब 1600 करोड़ में क्यों खरीदा गया? साथ ही आरोप लगाया है कि सरकार ने इस सौदे में बदलाव सिर्फ एक आदमी को फायदा पहुंचाने के लिए किया है।