पाक की 2 टीवी एंकर्स पर लगा बैन, सेक्शुअल हैरेसेमेंट के खिलाफ उठाई थी आवाज

नई दिल्ली ( 24 जनवरी ): पाकिस्तान में महिलाओं के खिलाफ हमेशा अत्याचार की खबरे आती रहती हैं, लेकिन इस बार टीवी पर लोगों की आवाज उठाने वाली दो एंकर ही इस बार इसका शिकार हो गई हैं। जी हां  पाकिस्तान में सरकारी टीवी चैनल (PTV) की दो एंकर्स पर सेक्शुअल हैरेसमेंट के खिलाफ आवाज उठाने पर बैन लगा दिया गया है। आरोप है कि इन दोनों ने एक अधिकारी के खिलाफ सेक्शुअल हैरेसमेंट के आरोप लगाए और बाद में सोशल मीडिया और टॉक शोज में इस बारे में बात की। दोनों एंकर्स के नाम तंजीला मजहर और यासफीन जमाल हैं। जबकि आरोपी अधिकारी का नाम आगा मसूद शोरिस है।

20 जनवरी को पाकिस्तान टीवी मैनेजमेंट ने एक सर्कुलर जारी किया। इसमें कहा गया कि ऑर्गनाइजेशन के कुछ इम्प्लाइज इसके बारे में सोशल मीडिया पर कमेंट कर रहे हैं। चैनल ने कहा कि इससे ऑर्गनाइजेशन की बदनामी हो रही है। सर्कुलर में कहा गया- "24 घंटे के अंदर इन इम्प्लाइज को सोशल मीडिया से अपने कमेंट डिलीट करने होंगे। ऐसा नहीं करने पर सख्त एक्शन लिया जाएगा।"

मैनेजमेंट की वॉर्निंग के बावजूद तंजीला और यासफीन ने न तो अपने कमेंट डिलीट किए और न ही माफी मांगी। इतना ही नहीं, रविवार को दोनों टीवी एंकर्स प्राइवेट टीवी चैनल एक्सप्रेस के टॉक शो में शामिल हुईं। प्रोग्राम के दौरान दोनों ने आरोप दोहराए।

 

इसके बाद चैनल ने दोनों एंकर्स के खिलाफ एक्शन लिया। 22 जनवरी को दोनों एंकर्स पर बैन लगा दिया गया। पीटीवी के कंट्रोलर (करंट अफेयर्स) हबीब-उर-रहमान ने पीटीपी न्यूज से जुड़े किसी भी प्रोग्राम में दोनों के भाग लेने पर रोक लगा दी। रहमान के हवाले से जारी एक बयान में तंजीला और यासफीन पर ये आरोप दोहराया गया कि उन्होंने चैनल की इमेज खराब की है। बयान में कहा गया है कि एंकर्स के आरोपों की जांच एक मजिस्ट्रेट द्वारा कराई जा रही है। इसके अलावा, इंटरनल इन्क्वायरी भी की जा रही थी। ऐसे में, उन्होंने सोशल मीडिया और टॉक शोज का सहारा लेकर गलती की है।

पाकिस्तान में एक हफ्ते से इस मसले पर सोशल मीडिया में चर्चा हो रही है। तंजीला ने अपने टि्वटर हैंडल पर आरोपों की जानकारी दी।इसके बाद उनके फेवर में कई लोगों ने कमेंट किए। मजहर ने आरोपी मसूद से चैट के स्क्रीनशॉट अपने अकाउंट पर शेयर किए। तंजीला ने आरोप लगाया कि पीटीवी में महिलाओं से बंधक जैसा बर्ताव किया जाता है।