8 माह की गर्भवती महिला ने नौकरी के लिए लगाई 16 किमी की दौड़

नई दिल्ली (6 मार्च): अगर कोई इंसान कुछ करने की जिद ठान ले तो हालात भी जैसे उसके हौसले के आगे झुक जाते हैं। राजस्थान के बीकानेर में एक महिला ने कुछ ऐसे ही कारनामे को अंजाम दिया है। 8 माह की इस गर्भवती महिला ने नौकरी पाने के लिए 16 किलोमीटर की दौड़ को पूरा किया है।

दरअसल 8 महीने की गर्भवती विजय श्री ने वनरक्षक की नौकरी के लिए लिखित परीक्षा दी थी। लिखित परीक्षा के बाद फिजिकल परीक्षा में अभ्यर्थियों को 16 किलोमीटर की रेस लगानी थी। लिहाजा विजय श्री ने अपनी और अपने बच्चे की जान खतरे में डालते हुए इस परीक्षा में हिस्सा लिया और 16 किलोमीटर की रेस 3 घंटे 35 मिनट में पूरी कर ली। 

पहले वन विभाग के अधिकारियों ने विजय श्री को ऐसा करने से मना किया। लेकिन वो कहां हार मानने वाली थी उससे अधिकारियों को डॉक्टर से हेल्थ सर्टिफिकेट लाकर दिखा दिया। इससे भी बात नहीं बनी तो ख़ुद लिख कर दे दिया कि वो अपनी इच्छा से इस दौड़ में हिस्सा ले रही है। बस फिर क्या था विजयश्री के जिद के आगे अधिकारियों को झुकना पड़ा और उसे रेस की इजाजत दे दी गई। 

इसके बाद विजयश्री ने हौसले को उम्मीदों के पंख लगाए और रेस पकड़ ली। स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्व विद्यालय परिसर में लगी दौड़ को पूरे 3 घंटे 35 मिनट में आठ माह की गर्भवती विजयश्री विश्नोई ने पूरा कर लिया। ये हौसला दिखाने वाली विजयश्री ने अपने जैसी दूसरी महिलाओं के लिए भी मिसाल कायम की है। विजय श्री का जज्बा सबक है उन लोगों के लिए जो मुश्किल हालात में हिम्मत हार जाते हैं।