प्रवासी भारतीय दिवस में शामिल होने के लिए PoK के लोगों को नहीं भेजा जाएगा खास न्योता

नई दिल्ली (3 जनवरी): इन दिनों कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरू में प्रवासी भारतीय दिवस समारोह के आयोजन की तैयारियां जोरों पर है। 7 से 9 जनवरी तक आयोजित होने वाले इस प्रवासी भारतीय दिवस समारोह में शामिल होने के लिए तमाम देशों में बसे प्रवासी भारतीय इस समारोह में शामिल होने के लिए तैयारियों में भी जुटे हैं।

इन सबके बीच विदेश मंत्रालय से मिल रही खबर के मुताबिक इसबार भारतीय दिवस समारोह में शामिल होने के लिए पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर यानी गिलगित और बाल्टिस्तान के लोगों को खास न्योता नहीं भेजा जाएगा। विदेश मंत्रालय के मुताबिक यह सम्मेलन सभी भारतीयों के लिए खुला है। संबंधित व्यक्ति पोर्टल पर आवेदन कर सकता है और उसके आवेदन पर विचार होगा। किसी को भी विशेष न्योता नहीं भेजा गया है।

PoK को भारत अपना हिस्सा मानता रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सत्ता संभालने के बाद इसी दिशा में आगे कदम बढ़ाने के संकेत दिए थे। इसके बाद से प्रवासी भारतीय दिवस में PoK के विदेश में बसे लोगों को बुलाने की चर्चा थी। कुछ समय पहले विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कहा था कि इस बारे में सरकार के फैसले का इंतजार किया जाना चाहिए। क्या सरकार की ओर से लगित-बाल्टिस्तान के आवेदनों पर उदारता से विचार करने के विशेष निर्देश दिए गए हैं, इस पर अधिकारी ने कहा, 'कोई अलग से निर्देश नहीं दिया गया और इसकी जरूरत भी नहीं है।'

यहां राजनयिक हलकों में माना जा रहा है कि इस बारे में विशेष पहल करने से पाक के साथ पहले से बिगड़े संबंध और बुरी स्थिति में चले जाएंगे। विदेश में बसे PoK के नागरिकों ने पूर्व की सरकारों की ओर से भी यही रुख महसूस किया था।