पीएम मोदी ने लगाई अफसरों की क्लास

नई दिल्‍ली (28 जनवरी): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीमा शुल्क और उत्पाद शुल्क से संबंधित लोगों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए अफसरों को फटकार लगाई और साथ ही इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के निर्देश भी दे दिए।

पीएम मोदी ने केंद्र सरकार की स्कीम्स को लागू करने के लिए बनाई गई 'प्रगति' कमेटी की मीटिंग ली। यहां उन्होंने सचिवों से इन लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और यहां तक कि उनकी पेंशन में कमी करने के भी निर्देश दिए। केंद्र सरकार की इस स्कीम्स की मॉनिटरिंग के लिए नौवीं बार बैठक बुलाई गई थी। इसका मकसद स्कीम्स को समय पर पूरा करने की कोशिशों की जांच करना था। मीटिंग में पीएम ने सभी सचिवों से कहा कि वो लोगों की समस्याओं और मांगों को पूरा करने के लिए टॉप लेवल पर मॉनिटरिंग करें। मीटिंग के दौरान पीएम ने कई विभागों के काम को लेकर लगातार मिल रही शिकायतों का भी जिक्र किया। इसमें सबसे ज्यादा शिकायतें एक्साइज और कस्टम विभाग की थीं।

परियोजनाओं की समीक्षा बैठक में पीएम मोदी ने कई राज्यों में सड़क, रेलवे, कोयला, बिजली और नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्रों में फैली महत्वपूर्ण आधारभूत संरचना परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। इसमें महाराष्ट्र, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और राजस्थान शामिल हैं। जिन महत्वपूर्ण परियोजनाओं की समीक्षा की गई, उसमें मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक, दिल्ली मुंबई औद्योगिक गलियारा (डीएमआईसी) और इलाहाबाद से हल्दिया के लिए जल मार्ग विकास परियोजना शामिल है।

राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना की समीक्षा पीएम ने उज्ज्वल डिस्कॉम एशॉरेंस योजना (उदय) की प्रगति की भी समीक्षी की। उन्होंने राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के कार्यान्वयन की भी समीक्षा की और इस बात की आवश्यकता पर जोर दिया कि लाभार्थियों को समय पर भुगतान मिले।