PM मोदी के 'मिशन म्यांमार' पर चीन की नजर, पाकिस्तान को लगी मिर्ची

नई दिल्ली (6 सितंबर): ब्रिक्स सम्मेलन में हिस्सा लेने के बाद प्रधानमंत्री चीन से सीधे म्यांमार पहुंचे। जहां म्यांमार के राष्ट्रपति हतिन क्याव ने उनका जोरदार स्वागत किया। इसके बाद दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता हुई। इस बातचीत में दोनों नेताओं ने दोनों देशों के ऐतिहाकिस संबंध को और मजबूत करने के कदमों पर चर्चा की। अपने दौरे के दूसरे दिन आज पीएम मोदी म्यांमार की 'स्टेट काउंसलर' आंग सान सू से मुलाकात करेंगे और विभिन्न मुद्दों पर बातचीत करेंगे। रोहिंग्या लोगों के पड़ोसी देशों में पलायन करने का विषय चर्चा में मोदी द्वारा उठाए जाने की उम्मीद है। 

पीएम मोदी के 'मिशन म्यांमार' पर जहां चीन की पैनी नजर है वहीं इससे पाकिस्तान को मिर्ची लग गई है। पाकिस्तानी पत्रकार आमिर लियाकत अली ने भारत और म्यांमार के खिलाफ आग उगली है। पाकिस्तानी पत्रकार ने तमाम मर्यादाओं को तोड़ते हुए पीएम मोदी और प्रमुख म्यांमार नेता आंग सान सू की मुलाकात को एक कसाई की दूसरे कसाई से मुलाकात करार दिया है। 

आमिर लियाकत अली ने कहा कि म्यामांर में जो कुछ हो रहा है। इसके पीछे अमेरिका का हाथ है। अमेरिका चाहता है कि म्यांमार में हिंसा और बढ़के और वो शांति सेना का बहाने वहां अपना कैम्प लगा सके जैसे इराक और अफगानिस्तान में लगा चुका है। म्यांमार में मौजूद प्राकृतिक संसाधनों और कच्चे तेल पर अमेरिका की नजर और उनकी इस योजना में भारत और बांग्लादेश की सरकार उनकी मदद कर रही है। तो वहीं चीन सच्चे दिल से रोहिंग्या मुसलमानों के लिए फ्रिकमंद हैं।