"अभिव्यक्ति की आजादी का मतलब गलत लिखने की आजादी नहीं"

नई दिल्ली (6 नवंबर): प्रधानमंत्री मोदी प्रेस की आजादी पर बोलते हुए कहा है कि अभिव्यक्ति की आजादी का मतलब ये नहीं है कि तथ्यात्मक रूप से गलत लिखने की आजादी मिल गई है। मीडिया चौथा स्तंभ है, लेकिन इस ताकत का गलत इस्तेमाल करना अपराध है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि इस आजादी का इस्तेमाल लोकहित में किय़ा जाना चाहिए। पत्रकारिता का ज्यादातर ध्यान राजनीतिक गतिविधियों पर घूमता रहता है, लेकिन भारत सिर्फ राजनीति ही नहीं है। 125 करोड़ लोग भारत हैं और मीडिया को इस पर ध्यान रखना चाहिए।

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