आसियान सम्मेलन में PM मोदी ने कहा- बंद हो आतंक का निर्यात

नई दिल्ली (8 सितंबर): आसियान सम्मेलन में प्रधानमंत्री मोदी ने आतंकवाद पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि बढ़ती हिंसा और आतंकवाद और कट्टरवाद को समाज की सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा बताया और कहा कि आतंक का निर्यात बंद होना चाहिए। उन्होंने आतंकवाद से निपटने के लिए आसियान के सदस्य देशों से समन्वित प्रतिक्रिया देने की अपील की। ये तीसरा मौका है, जब पीएम मोदी इंडिया-आसियान समिट में शामिल हुए और उन्होंने इस बात का जिक्र अपने संबोधन में भी किया।

प्रधानमंत्री मोदी ने गुरुवार को लाओस में इंडिया-आसियान समिट को संबोधित करते हुए कहा कि आसियान भारत की एक्ट ईस्ट इंडिया पॉलिसी का केंद्र है और इस क्षेत्र में हमारे संबंध सौहार्द के स्रोत हैं। उन्होंने कहा कि भारत के आसियान देशों के साथ बहुत मजबूत संबंध है। 

उन्‍होंने अक्‍टूबर में होने वालेे अंतरराष्‍ट्रीय बौद्ध कॉन्क्‍लेव के लिए आसियान के सदस्‍य देशों को विशेष अतिथि के तौर पर आमंत्रित भी किया। पीएम मोदी ने सम्‍मेलन के दौरान दक्षिण कोरिया की राष्‍ट्रपति पार्क ग्‍यून हे से भी मुलाकात की।

दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति से मिले PM मोदी लाओस यात्रा के दूसरे दिन प्रधानमंत्री ने सम्मेलन को संबोधित करने के बाद दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति पार्क ग्वेनके से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने उनसे कई मुद्दो पर चर्चा की।

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14वें भारत-आसियान शिखर सम्मेलन तथा 11वें पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन में शिरकत करने के लिए बुधवार को लाओस की राजधानी वियनतियाने पहुंचे।