फोन और कम्प्यूटर बच्चे क्या कर रहे हैं, पैरेंट्स को सब पता रहेगा

नई दिल्ली (19 जनवरी): भारत के कुछ सेल्युलर ऑपरेटर एक जल्द ही एक ऐसी सुविधा देने वाले हैं जिससे पैरेंट्स अपने बच्चों की गतिविधियों पर नजर रख सकेंगे और आपत्तिजनक साइट्स को बलॉक भी कर सकेंगे। सेल्युसल ऑपरेटर्स ने यह कदम सरकार की मंशा को देखते हुए उठाया है। भारत सरकार चाहती है कि मोबाइल फोन और कम्प्यूटर पर सर्फिंग करते वक्त पोर्न तथा अन्य आपत्तिजनक साइट तक बच्चों की पहुंच न हो।

सरकार ने पिछले साल लगभग 900 साइट्स पर बैन भी लगाया था लेकिन कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद बैन हटाना पड़ा था। इसके बाद सरकार के प्रतिनिधियों और सेल्युलर ऑपरेटरों के बीच कई दौर की वार्ता हुई और यह निष्कर्ष निकला कि पोर्न या अन्य साइट्स पर नियंत्रण खुद ग्राहकों के हाथ में दे दिया जाये। खास तौर पर बच्चों को क्या-क्या देखना है या क्या नहीं इस बात की निगरानी और नियंत्रण पैरेंटस या उनके केयरटेकर्स के हाथ में रहना चाहिए।