'चुपके' से पेट्रोल की कीमत में 5 रुपये से अधिक का इजाफा

नई दिल्ली(25 अगस्त):  एक समय था कि पेट्रोल की कीमतों में 50 पैसे या ₹1 की बढ़ोतरी पर भी हंगामा खड़ा हो जाता था और पूरा विपक्ष आसमान सिर पर उठा लेता था, लेकिन आप भी यह सोच कर हैरान हो जाएंगे कि पिछले 2 महीनों में पेट्रोल की कीमतें 5 रुपए 42 पैसे प्रति लीटर बढ़ चुकी है और किसी ने गौर तक नहीं किया। 

- इसकी वजह यह रही कि 16 जून से सरकार ने पूरे देश में तेल की कीमतों के मामले में "डायनामिक फ्यूल प्राइसिंग" लागू किया था। सीधे शब्दों में इसका मतलब यह है कि तेल की कीमतें 16 जून के बाद से हर रोज कच्चे तेल के दाम के हिसाब से बढ़ती या घटती हैं। पहले हर 15 दिन के बाद तेल की कीमतों में कच्चे तेल की कीमत के आधार पर बदलाव किया जाता था।

- तेल की कीमतें तय करने के  बारे में 16 जून के बदलाव के बाद पहले कुछ दिनों तक तो ग्राहक फायदे में रहे। पहले 13 दिनों तक पेट्रोल की कीमत में धीरे- धीरे 3.45 रुपये पैसे की कमी हुई। 

- वहीं उसके बाद से पेट्रोल की कीमत ऐसे बढ़नी शुरू हुई कि 28 जून से 24 अगस्त के बीच में पेट्रोल की कीमत दिल्ली में ₹5. 42 पैसे बढ़ चुकी है। 28 जून के बाद से पेट्रोल की कीमत एक आध बार बीच-बीच में दो चार पैसे कम जरूर हुई लेकिन अब यह दिल्ली में 68.88 रूपए प्रति लीटर तक पहुंच चुकी है।