यहां लोग दुआ में मांगते हैं कब्रिस्तान

भूपेंद्र शर्मा, आगरा (14 जुलाई): ताजनगरी आगरा में एक ऐसी जगह भी है, जहां रहने वाले मुस्लिम समुदाय के हर घर में कब्रें हैं। यहां के लोग ईद की दुआओं में अपने लिए पैसा दौलत या ख़ुशी नही मांगते, वो मांगते हैं तो सिर्फ कब्रिस्तान।

जी हैं, हम बात कर रहे हैं आगरा के अछनेरा क्षेत्र के छह पोखर गांव की, जहां रहने वाले कुछ मुस्लिम परिवारों को उनके दिवंगत प्रियजनों को दफनाने के लिए अपने घरों के पिछले बरामदे को प्रयोग करना पड़ता है, क्योंकि गांव में कोई भी कब्रिस्तान नहीं है और सरकार ने भी उनको कोई जगह उपलब्ध नहीं कराई। यहां मुस्लिम समुदाय का कोई घर ऐसा नहीं है जिसमे कब्र न हो। समुदाय के कुछ लोगों का कहना है कि घर में कब्र होने के चलते बच्चे और महिलाएं आए दिन डरकर बीमार भी होते रहते हैं।

सरकारी टीचर सलीम शाह ने बताया कि हमारे समुदाय के लोगों ने इस समस्या के बारे में कई बार प्रशासन को अवगत कराया है, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला है। लेखपाल सहित कई राजस्व अधिकारियों ने कई बार कब्रिस्तान के लिए सर्वेक्षण करने के लिए गांव का दौरा किया है और अधिकारियों द्वारा कहा जाता है कि गांव में मौजूदा तालाब भूमि ही पुराना कब्रिस्तान है।