इस देश के लोगों को नहीं चाहिए घर बैठे लाखों रुपये ठुकरा दिया ये प्रस्ताव

नई दिल्ली (6 जून): स्विट्जरलैंड के देशवासियों ने देश के हर नागरिक को जीवनयापन के लिए बिना कोई काम किये पर्याप्त सरकारी धन उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को सिरे से खारिज कर दिया है। ऐसा शायद दुनिया में पहली बार है जब ऐसे किसी प्रस्ताव को किसी देश में नागरिकों के बीच रखा गया था। इस प्रस्ताव में लोगों से पूछा गया था कि क्या वे एक तय इनकम के प्रावधान का समर्थन करते हैं या नहीं? जिनीवा में 47.4 फीसदी लोगों ने वोटिंग की। ताजा नतीजों में लोगों ने जमकर इसके खिलाफ वोटिंग की और इसे सिरे से खारिज कर दिया। बेसिक इनकम के समर्थकों का कहना था कि आज के समय में जब जॉब ढूंढ़ना मुश्किल है, इस तरह की आय से देश को गरीबी और गैरबराबरी से लड़ने में मदद मिलेगी।

प्रस्ताव मंजूर होने पर लोगों को कितनी धनराशि तय बेसिक इनकम के तौर पर दी जाती, यह तय नहीं था। लेकिन इस पूरे कार्यक्रम के पीछे काम करने वाले संगठन ने यह इन्कम 2500 स्विस फ्रैंक्स (करीब 1,71,100 रुपए) और बच्चों के लिए 625 स्विस फ्रैंक्स (42,775 रुपए) प्रतिमाह निर्धारित करने की मांग की थी। विरोधियों ने इस प्रस्ताव को एक 'मार्क्सवादी सपना' करार दिया था। उन्होंने प्रस्ताव के मंजूर होने पर कीमतों में बेतहाशा वृद्धि और बड़ी तादाद में लोगों के जॉब छोड़ने की आशंका जताई थी। वहीं, इस प्रस्ताव के समर्थकों का कहना था कि लोग प्राकृतिक तौर पर एक तय बेसिक इनकम चाहते हैं, जिससे वे अपने मनपसंद का काम कर सकेंगे।