पटना पुलिस लाइन बवाल: 100 लोगों के खिलाफ केस दर्ज, पुलिस वालों ने कल की थी जमकर तोड़फोड़

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 3 नवंबर ): राजधानी पटना के लोदीपुर स्थित पुलिस लाइन में शुक्रवार की सुबह जमकर बवाल हुआ। बीमारी से एक महिला सिपाही सविता कुमारी पाठक की अस्पताल में मौत के बाद सिपाही भड़क गये। पुलिस लाइन में तोड़फोड़ के बाद बाहर सड़क पर भी गाड़ियों को पलट दिया। ग्रामीण एसपी, डीएसपी सहित कई थानेदारों को पीट दिया। कमांडर का मारकर सिर फोड़ दिया। पुलिस वालों ने 5 घंटे तक बवाल काटा।अब बवाली पुलिस वालों के खिलाफ सख्त ऐक्शन लिया गया है। 100 पुलिस वालों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कराई गई है। इसके साथ सैकड़ों अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज हुआ है। चार केस दर्ज हुए हैं। तीन बुद्धाकोलोनी में और एक कोतवाली में दर्ज हुई।पटना के जोनल आईजी नैयर हसनैन खान को जांच की जिम्मेदारी दी गई है। महिला सिपागी की मौत जांच होगी कि उसकी मौत डेंगू की वजह से हुई है या किसी और अन्य कारण से।

पुलिस लाइन में जो बवाल हुआ, उसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं। इसकी भी जांच होगी। क्या किसी ने ट्रेनी पुलिसकर्मियों को भड़काया। महिला सिपाही ने छुट्टी के लिए उसने आवेदन दिया था या नहीं। अगर आवेदन दिया तो छुट्टी नहीं देने के पीछे क्या वजह थी? इसकी जांच होगी।सीसीटीवी में कैद फुटेज से बवाली पुलिसवालों की पहचान की जा रही है। पुलिस लाइन में कोई गुटबाजी तो नहीं है। पुलिस लाइन के डीएसपी के घर में तोड़फोड़ व मारपीट क्यों की गई? मौके पर पहुंचे सिटी एसपी, थानेदारों के साथ क्यों मारपीट की गई?दरअसल, शुक्रवार को महिला सिपाही की मौत के बाद डेंगू से पीड़ित होने के बावजूद उसे छुट्टी नहीं देने का आरोप लगाकर जवानों ने हंगामा शुरू कर दिया। जवानों का कहना था कि बीमार अवस्था में भी उससे ड्यूटी करायी गयी जिस कारण सविता ने दम तोड़ दिया। महिला जवान मूल रूप से सीवान जिले की रहने वाली थी। आक्रोशित महिला रंगरूटों ने सबसे पहले पुलिस लाइन के डीएसपी मो. मसलेहउद्दीन को टारगेट किया। सभी उनके घर में घुसकर हंगामा करने लगे। जमकर तोड़फोड़ की। मारपीट की।