'बुर्के' पर दुनियाभर में हंगामा है क्यों बरपा? जानिए...

डॉ. संदीप कोहली

नई दिल्ली (20 अगस्त) : दुनिया के कई देशों में बुर्का पहनने या न पहनने को लेकर विवाद की स्थिति रहती है। कहीं बुर्के को पहनने पर प्रतिबंध है तो कहीं बिना बुर्के के घर से बाहर निकलने पर रोक है। यूरोप में पिछले एक दशक से बुर्के को लेकर हंगामा मचा हुआ है। 2004 में इसकी शुरुआत फ्रांस से हुई। फ्रांस यूरोप का पहला ऐसा मुल्क बना जिसने बुर्के को बैन करने का कदम उठाया। इसके बाद एक-एक करके यूरोप के कई देशों ने बुर्के को बैन किया। लेकिन यहां यह जानना जरूरी है कि यूरोपीय समाज में बुर्के के खिलाफ परिस्थितियां यूं ही अचानक नहीं बनी। यूरोप में पिछले एक दशक से बुर्के को लेकर राजनीतिक गर्मी उत्पन्न होती रही है। बुर्के को लेकर कई बार अजीबो-गरीब तर्क तक दिए गए। किसी ने इसे चरमपंथी पोशाक कहते हुए पिछड़ेपन की निशानी बताया। तो किसी ने कानून व्यवस्था के मद्देनजर यह प्रतिबंध को जायज ठहराया। दुनिया में ऐसे कई मुल्क हैं जहां बुर्के पर पूरी तरह से तो कही आंशिक रूप से प्रतिबंध लगाया गया है। जानिए कौन-कौन से देश हैं जिन्होंने बुर्के पर दिखाई है सख्ती...

फ्रांस यूरोप का पहला ऐसा मुल्क है जिसने बुर्के को बैन करने का कदम उठाया। 2004 में इसकी शुरुआत हुई। फ्रांस में विवादास्पद कानून बनाया गया। इसके मुताबिक स्कूल में बच्चों को किसी भी तरह के धार्मिक चिह्नों जैसे कि बुर्का, क्रॉस और यहूदी टोपी पहनने पर रोक लगा दी गई। 2004 में सबसे पहले स्कूलों में धार्मिक चिन्हों पर रोक लगी फिर 2011 में सरकार ने सार्वजनिक स्थानों पर बुर्के को पूरी तरह बैन कर दिया। ऐसा करने पर 150 यूरो का जुर्माना है। कोई अगर महिलाओं को जबरन बुर्का पहनाएगा तो उस पर 30 हजार यूरो तक का जुर्माना हो सकता है। फ्रांस में करीब 60 लाख मुसलमान हैं यानी कुल आबादी का 10 फीसदी हिस्सा।

- बुर्किनीस स्विम सूट पर लगाया प्रतिबंध- फ्रांस के कई शहरों में बुर्किनीस स्विम सूट पहनने पर रोक लगा दी गई है। बुर्किनीस एक तरह का स्वीम सूट होता है, जिससे शरीर पूरी तरह से कवर हो जाता है। बुर्किनीस पर प्रतिबंध नहीं मानने वाले पर 33 पाउंड का जुर्माने लगाया जाएगा।

- विरोध भी हुआ- फ्रांस में बुर्के पर प्रतिबंध लगाने से करीब 2,000 महिलाएं प्रभावित हुई हैं। वे तनाव के दौर से गुजर रही हैं। कई ने कानून तो़ड़ा भी हैं। 

- मानवाधिकार अदालत में केस- इस पाबंदी के खिलाफ एक महिला ने फ्रांस की सरकार के विरुद्ध यूरोपीय मानवाधिकार अदालत में केस कर दिया। 

जर्मनी हाल ही में जर्मनी में बुर्का समेत चेहरे पर नकाब पहनने को प्रतिबंधित कर दिया गया है, अब महिलाओं को अपना चेहरा दिखाना जरूरी होगा। जर्मनी के केंद्रीय गृहमंत्री थोमस दे मेजियेर ने एक बैठक के बाद कई सार्वजनिक स्थानों पर पूरे चेहरे को ढकने वाले नकाब पहनने पर बैन लगाने की घोषणा कर दी। 

स्पेन स्पेन के कैटेलोनिया इलाके में कई जिलों में बुर्के और नकाब पर 2013 से ही प्रतिबंध है। कई राज्यों में कोशिश हुई तो सुप्रीम कोर्ट ने इसे धार्मिक आजादी का उल्लंघन मानते हुए पलट दिया। लेकिन यूरोपीय मानवाधिकार कोर्ट का फैसला है कि बुर्के पर बैन मानवाधिकार उल्लंघन नहीं है। इसी आधार पर कई जिलों ने इस बैन को लागू किया हुआ है।

ब्रिटेन बुर्के पर पाबंदी को लेकर ब्रिटेन में भी बहस चल रही है। ब्रिटेन  इसी साल पूर्व प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने स्कूल, कोर्ट और बॉर्डर चेक पोस्ट पर बुर्का जैसे चेहरे को ढंकने वाले पर्दे पर बैन का समर्थन किया था। साथ में उन्होंने यह भी कहा कि वह फ्रांस की तरह बुर्के पर पूरी तरह प्रतिबंध के पक्ष में नहीं हैं। कैमरन ने कहा, 'जब आप किसी संस्थान से जुडे हैं या कोर्ट में हैं या सीमा पर हैं, जहां किसी के चेहरे को देखने की जरूरत हो।

कनाडा यूरोप से बाहर कनाडा में भी बुर्के पर बवाल मचा हुआ है। कनाडा में बुर्का पहनने की पाबंदी नहीं है लेकिन नए कानून के मुताबिक अब मुस्लिम महिलाओं को मतदान के समय बुर्के में ढँका अपना चेहरा दिखाना पड़ेगा। नए कानून के मुताबिक मुस्लिम महिला मतदाताओं को अपनी पहचान सिद्ध करने के लिए बुर्का उठाना जरूरी होगा। हालाँकि चिकित्सा या अन्य कारणों से बुर्का पर यह नया कानून छूट प्रदान करता है।

इटली इटली में राष्ट्रीय स्तर पर तो बैन नहीं है लेकिन 2010 में नोवारा शहर ने अपने यहां प्रतिबंध लगाया। हालांकि अभी बुर्का पहनने पर किसी तरह की सजा नहीं है। 

बेल्जियम बेल्जियम ने भी 2011 में बुर्का बैन कर दिया। बुर्का पहनने पर महिलाओं को 7 दिन की जेल या 1300 यूरो तक का जुर्माना हो सकता है।

नीदरलैंड 2015 में हॉलैंड ने बुर्के पर बैन लगाया. लेकिन यह बैन स्कूलों, अस्पतालों और सार्जवनिक परिवहन तक ही सीमित है। सभी जगहों पर इसे लागू नहीं किया गया।

स्विट्जरलैंड जुलाई 2016 से स्विट्जरलैंड के टेसिन इलाके में बुर्के पर प्रतिबंध लागू हो गया है। इसका उल्लंघन करने पर 9200 यूरो तक का जुर्माना हो सकता है।

रूस इसी प्रकार रूस के उत्तरी काकेशक क्षेत्र में रूसी लोगों और मुसलमानों में जातीय तनाव रहता है। यहां स्कूलों में बुर्के पर प्रतिबंध है।

टर्की  टर्की का नियम थोड़ा अलग है। यहां महिलाओं को सिर्फ सिर ढकने की अनुमति हैं। उन्हें चेहरा खुला रखना जरूरी है।

चीन चीन के मुस्लिम बहुल शिनिजियांग प्रांत में महिलाओं के लिए सार्वजनिक स्थानों पर बुर्का पहनने पर पाबंदी है।

चाड अफ्रीकी देश चाड में पिछले साल बुर्के पर प्रतिबंध लगाया गय। जून में वहां दो आत्मघाती बम हमले हुए जिसके बाद प्रधानमंत्री ने कदम उठाए. बाजारों में बुर्के की बिक्री तक पर बैन है।

कैमरून चाड के प्रतिबंध लगाने के एक महीने बाद ही उसके पड़ोसी कैमरून ने भी नकाब और बुर्का बैन कर दिए। हालांकि यह सिर्फ पांच राज्यों में ही प्रभावी है।

नाइजीरिया आतंकवाद प्रभावित दीफा इलाके में बुर्का प्रतिबंधित है। हालांकि राष्ट्रपति इसे पूरे देश में लागू करने के इच्छुक हैं।

कॉन्गो पूरे चेहरे को ढकने पर कॉन्गो ने बैन लगा रखा है। 2015 से यह प्रतिबंध लागू है।