गोवा के CM ने कहा, केजरीवाल की जनसभा को लेकर मोदी ने मुझसे ली जानकारी

नई दिल्ली(15 जून): गोवा के मुख्यमंत्री लक्ष्मीकांत पारसेकर ने बताया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनसे दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल द्वारा तटीय राज्य गोवा में आयोजित जनसभा और उसके प्रभाव के संबंध में जानकारी ली। दिल्ली में मोदी से मुलाकात के बाद पारसेकर ने कहा कि पीएम मोदी ने अरविंद केजरीवाल की हालिया जनसभा और भविष्य में इसके संभावित प्रभावों को लेकर मुझसे जानकारी ली। पारसेकर ने कहा कि और जवाब में मैंने कहा नहीं।

गौरतलब है कि वर्ष 2017 में होने वाले गोवा विधानसभा चुनावों के मद्देनजर केजरीवाल ने 22 मई को एक जनसभा का आयोजन कर आप के अभियान का आगाज किया था। यही नहीं गोवा में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी इस महीने के आखिर में अपना पहला ‘गोवा संवाद’ कार्यक्रम आयोजित करेगी।

आप की गोवा शाखा के प्रवक्ता रूपेश शिंक्रे ने कहा कि गोवा संवाद इस महीने के आखिर में शुरू होगा। यह विधानसभा चुनाव के लिए आप का घोषणापत्र निर्धारित करेगा। उन्होंने कहा कि आप के राष्ट्रीय समन्वयक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के इस महीने के अंत में या अगले महीने की शुरूआत में गोवा का दौरा करने की उम्मीद है। शिंक्रे ने कहा कि केजरीवाल गोवा में मछुआरों के प्रतिनिधियों, किसानों, गैर सरकारी संगठनों, महिला समूहों और उद्योगपतियों सहित अन्य से मिलेंगे। आप ने गोवा विधानसभा की सभी 40 सीटों पर चुनाव लड़ने की घोषणा की है।

इससे पहले भ्रष्टाचार के आरोपों के बावजूद अपने रिश्तेदार दिलीप मालवंकर को फिर बहाल करने को लेकर विपक्ष की तरफ से गोवा के मुख्यमंत्री लक्ष्मीकांत पारसेकर की आलोचना में मंगलवार को आम आदमी पार्टी भी शामिल हो गई और उसने घटनाक्रम को कानून की हत्या बताया। सरकारी गोवा औद्योगिक विकास निगम (जीआईडीसी) में वरिष्ठ अधिकारी मालवंकर को अगस्त 2015 में निलंबित कर दिया गया था। भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो ने घूस लेते हुए उन्हें रंगे हाथ पकड़ा था।

राज्य आप इकाई ने पारसेकर को लिखे एक पत्र में कहा है कि यह गोवा के लोगों के मुंह पर तमाचा है जिन्होंने भ्रष्टाचार को कतई बर्दाश्त नहीं करने के वादे पर बीजेपी को वोट दिया था। आप सरेआम कानून की हत्या नहीं होने देगी। कांग्रेस, एनसीपी और गोवा फॉरवर्ड पहले ही भ्रष्टाचार को कतई सहन नहीं करने के चुनाव पूर्व वायदे से हटने के लिए सरकार पर हमला कर चुके हैं। उन्होंने मामले में हस्तक्षेप के लिए राज्यपाल मृदुला सिंहा से अनुरोध करने की धमकी दी है।