अब बिना बोर्डिंग पास के होगा हवाई सफर

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (23 जनवरी): हवाई सफर करने वालों के लिए अच्छी खबर है। अब हवाई सफर के दौरान बोर्डिंग पास की जरूरत नहीं होगी। फिलहाल ये नियम घरेलू उड़ानों पर लागू होगा। विमानन नियामक महानिदेशालय (डीजीसीए) ने बहुप्रतीक्षित ई-बोर्डिंग प्रक्रिया को डिजिटल यात्रा यानी “डिजी-यात्रा” करार दिया है, जो हवाई यात्रा को कागज रहित और परेशानी मुक्त बनाएगी।नागरिक उड्डयन मंत्रालय और ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी यानी बीसीएएस द्वारा की गई पहल के तहत, डिजी यात्रा सुविधा यात्रियों के आधार नंबर और मोबाइल फोन जैसे दस्तावेजों का उपयोग करते हुए हवाई अड्डे के प्रवेश और बोर्डिंग उड़ानों के लिए कागजी कार्रवाई को कम करने के लिए बनाया गया है।

एयरलाइन रिजर्वेशन सिस्टम, ऑनलाइन ट्रैवल एजेंट्स (OTA)/ग्लोबल डिस्ट्रीब्यूशन (GDS), वेबसाइट, मोबाइल ऐप बुकिंग आदि पर फ्लाइट टिकट बुकिंग के समय, एयरलाइन यात्री के लिए डिजी यात्रा आईडी एकत्र करने का प्रावधान करेगी। डिजी यात्रा नीति के अनुसार ही घरेलू यात्रा भी कर सकते हैं। यात्री के पास किसी भी अनुमोदित आईडी जैसे पासपोर्ट, वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस, आधार आदि की पेशकश करने का विकल्प होगा। डिजि यात्रा सक्षम प्रस्थान वाले हवाई अड्डे पर यात्री द्वारा पहली यात्रा के दौरान बनाई गई डिजी यात्रा आईडी को प्रमाणित किया जाएगा। प्रमाणीकरण प्रक्रिया में, यात्री की आईडी को एक अधिकृत सुरक्षा अधिकारी द्वारा सत्यापित किया जाएगा और डिजी यात्रा आईडी को सक्रिय करेगा।

आपको बता दें कि फिलहाल विमान यात्रा के दौरान बोर्डिंग पास होना जरूरी होता है। बोर्डिंग पास दिखाने पर ही आपको एयरपोर्ट के भीतर जाने की इजाजत होती है। इसके लिए बोर्डिंग पास पर सीआईएमएस का स्टाम्प लगाना जरूरी होता  है और इस पर स्टाम्प लगवाने के लिए लाइन लगी होती है जो अमूमन लंबी होती है। जिससे यात्रियों का काफी समय लग जाता है। अब इस सिस्टम को खत्म किया जा रहा है। इसकी जगह बोर्डिंग पास को सिक्योरिटी चेक प्वाइंट पर लगाए गए ई-गेट रीडर पर बोर्डिंग पास बारकोड या क्यूआर कोड की स्कैनिंग कर लाइव पैसेंजर डेटासेट के जरिए प्रमाणित कर सकते हैं। इससे यात्रियों का न केवल समय बचेगा बल्कि बोर्डिंग पास प्रिंट करने की कोई जरूरत भी नहीं होगी।