पाकिस्तानी मिनिस्टर ने कहा- आतंकी हाफिज़ और मसूद अज़हर से मिली हुई है सरकार

नई दिल्ली (19 मई): भारत के खिलाफ आतंकी गतिविधियों में शामिल जमात-उद-दावा (जेयूडी) और जैश-ए-मुहम्मद के खिलाफ पाकिस्तान (जेईएम) सरकार कोई लीगल एक्शन नहीं ले सकती। क्यों कि पाकिस्तान  सरकार खुद इनके कार्यक्रमों में शामिल है। यह किसी देश की खुफिया एजेंसी का खुलासा या भारत का आरोप नहीं बल्कि पाकिस्तानी पंजाब सूबे के लॉ मिनिस्टर राणा सना उल्लाह  का बयान है।

राणा सना उल्लाह  ने यह बयान बीबीसी उर्दू को साक्षात्कार के दौरान दिया। बीबीसी के संवाददाता ने उनसे पूछा था कि पाकिस्तान आतंकी गतिवधियों में संलग्न जमात-उद-दावा और जैश-ए-मुहम्मद के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं करती। हालांकि राणा सना उल्लाह ने कहा कि अगर आप जेयूडी और जेईएम को पंजाब सरकार का भी समर्थक संगठन कह रहे हैं तो मैं आपको बता दूं हमारे सूबे की सरकार ने इन दोनों को प्रतिबंधित संगठनों की श्रेणी में डाल दिया गया है और अब ये पंजाब में अपनी कोई गतिविधि संचालित नहीं कर सकते।

राणा सना उल्लाह ने पाकिस्तान की फेडरल सरकार की ओर इशारा करते हुए कहा कि जब आप खुद आतंकियों के साथ शामिल हैं तो उनके खिलाफ आप कैसे कार्रवाई कर सकते हैं। भारत पाकिस्तान सरकार पर जो सीधा आरोप लगाता रहा है उन्हीं सारे आरोपों को राणा सनाउल्लाह ने परोक्ष रूप से उठाया है। उनके इन आरोपों के बाद अब पाकिस्तान पर इन आतंकी संगठनों के खिलाफ कार्रवाई के लिए अंतर्राष्ट्रीय दवाब बढ़ सकता है। इतना ही नहीं अमेरिका इन गुटों के अलावा पाकिस्तान पर हक्कानी नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई के लिए दबाव बढ़ा सकता है।