जिंदा पकड़े आतंकी का कबूलनामा, पाक में कैसे दी गई ट्रेनिंग

नई दिल्ली (25 मई): पाकिस्तान बार-बार बेनकाब होता है। उसी के पाले सांप उसकी पोल खोल देते हैं, लेकिन फिर भी पाकिस्तान ये मानने को तैयार नहीं होता कि वो एक आतंकी मुल्क है। भारतीय सुरक्षा एजेंसी के हाथ लगे एक जिंदा आतंकी ने पाकिस्तान को एक बार फिर से बेनकाब किया है।लश्कर आतंकी भारत में खूनी खेल खेलने आया था, लेकिन भारतीय फौज के चंगुल में फंस गया और अब भारतीय खुफिया एजेंसियों के कब्जे में हैं। आतंकी साफ-साफ कबूल रहा है कि उसकी आतंकी की तालीम पाकिस्तान में 21 दिनों तक लश्कर के कैंप में हुई। उनसे बताया कि हाफिज और ज़कीर उर रहमान लखवी लोगों का किस तरह से ब्रेन वॉस करता था और जिहाद के नाम पर आतंक की पाठ पढ़ाता था। आतंकी ने सुरक्षा एजेंसियों के साथ पूछताछ में कई बड़े खुलासे किए हैं।लश्कर आतंकी ने पूछताछ में जांच एजेंसी के सामने फंडिंग की भी पोल खोली। आखिर किस तरह से पाकिस्तान में भारत के खिलाफ दहशत फैलाने के लिए पैसों का इंतजाम किया जाता है। जैबुल्लाह हमजा अपने 6 साथियों के साथ भारत की सरहद में दाखिल हुआ था। जिसमें कइयों का खात्मा भी हो चुका है। जिस वक्त वह देश में दाखिल हुआ, उसके पास भारी मात्रा में हथियार और गोलाबारूद मौजूद थे।पाकिस्तान में किस तरह से आतंक के आका कश्मीर के बारे में वहां के युवाओं को गलत जानकारी देकर भटका रहे हैं, इस बात का भी खुलासा जैबुल्लाह ने किया। हकीकत सभी के सामने है। पाकिस्तान किस तरह से अपने मुल्क में आतंक की पाठशाला चला रहा है। बार-बार इस बात का पकड़े गए आतंकी अपने कबूल नामे में जिक्र करते हैं, लेकिन पाकिस्तान के हुकमरान इस बात को मानने को तैयार नहीं।