कश्मीरी आतंकियों को पैसे देता था पाकिस्तानी उच्चायोग

नई दिल्ली (19 अगस्त): जम्मू-कश्मीर में सक्रिय अलगाववादी संगठन हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के नेताओं को पाकिस्तान से आतंकी फंडिंग के मामले में कई सनसनीखेज तथ्य सामने आ रहे हैं। एनआईए के मुताबिक टेरर फंडिंग में सीधे तौर पर पाकिस्तान के उच्चायोग की संलिप्तता उजागर हुई है। मामले की जांच करने में जुटी एनआईए के सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तान से मिलने वाली टेरर फंडिंग में हुर्रियत के नेता सैयद अली शाह गिलानी के बेटे नसीम गिलानी भी बुरी तरह फंसते नजर आ रहे हैं।  पाकिस्तान और दुबई से टेरर फंडिंग के नाम पर नसीम गिलानी को भी रकम मिला करती थी। कश्मीरी कारोबारी जहूर अहमद वटाली को टेरर फंडिंग की रकम दुबई और पाकिस्तान से मिलती थी। उसे यह रकम भारत में स्थित पाकिस्तान उच्चायोग के जरिए हासिल होती थी। एनआईए के मुताबिक वटाली के जरिए ही कश्मीर में सक्रिय अलगाववादियों को गड़बड़ी फैलाने के लिए रकम हासिल होती थी। वह 8 से 9 पर्सेंट तक कमिशन काटने के बाद रकम हुर्रियत के लोगों को ट्रांसफर कर देता था।