भारत के मजबूत होते डिफेस सिस्टम से डरा पाकिस्तान

नई दिल्ली (20 मई): भारत की एंटी बैलेस्टिक मिसाइल और परमाणु पनडुब्बी पाकिस्तान को पच नहीं रही है। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री के विदेश मामलों के सलाहकार सरताज अजीज ने आरोप लगाया है कि भारत की वज़ह से हिंद महासागर में परमाणु अस्त्रों की होड़ बढ़ सकती है और क्षेत्र में शक्ति संतुलन बिगड़ सकता है। उन्होंने कहा कि अगर भारत अपने इस कार्यक्रम पर रोक नहीं लगाता है तो इसके विरुद्ध संयुक्त राष्ट्र संघ में एक प्रस्ताव लायेगा और उस पर चर्चा कराएगा।

15 मई को भारत के बैलिस्टिक मिसाइल प्रतिरक्षा प्रणाली के परीक्षण पर अजीज ने कहा कि इस हवाई रक्षा प्रणाली के अलावा भारत ने परमाणु संपन्न पनडुब्बी स्थित के-4 बैलिस्टिक मिसाइल का भी परीक्षण किया है। विदेश मामलों के सलाहकार अजीज ने संसद के ऊपरी सदन में दिये बयान में कहा, भारत अपने दूसरे हमलावर परमाणु क्षमता के तहत परमाणु चालित बड़ी पनडुब्बियां भी बना रहा है।

ये दो घटनाक्रम व्यापक पारंपरिक परमाणु और मिसाइल विकास कार्यक्रम को भारत अंजाम दे रहा है जोकि हिंद महासागर में परमाणु हथियारों को बढ़ाएगा। उन्होंने सीनेट को बताया कि पाकिस्तान अपनी रक्षा क्षमताओं को बढ़ाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाएगा। अजीज ने कहा कि भारत द्वारा बैलिस्टिक मिसाइल रक्षा तंत्र और परमाणु चालित पनडुब्बियों का विकास दक्षिण एशिया में सामरिक संतुलन को बिगाड़ेगा और हिंद महासागर के आसपास स्थित 32 देशों की समुद्री सुरक्षा पर असर पड़ेगा।