पाकिस्तान में चुनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय सीमा पर फायरिंग 400% बढ़ी

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 19 जून ):  पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर की अतंर्राष्ट्रीय सीमा पर इस साल लगभग 480 बार संघर्ष विराम का उल्लंघन किया है। पिछले साल की तुलना में यह संख्या 400 प्रतिशत ज्यादा है। अंग्रेज़ी अख़बार टाइम्स ऑफ़ इंडिया में छपी रिपोर्ट के मुताबिक पिछले साल केवल 111 बार पड़ोसी देश ने संघर्ष विराम का उल्लंघन किया था। इन घटनाओं में भारतीय पोस्टों पर हमला, गांवों में गोलीबारी और जवानों को निशाना बनाना शामिल है। जिसमें 11 सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवान शहीद हो गए हैंसीज़फ़ायर उल्लंघन के इन मामलों में भारतीय सेना की चौकियों पर गोलीबारी, सीमावर्ती गांवों पर मोर्टार दागना और भारतीय जवानों का मारा जाना शामिल है। अख़बार बीएसफ़ अधिकारियों के हवाले से लिखा है कि भारतीय सेना की ओर से जवाबी कार्रवाई के बावजूद पाकिस्तान के सुरक्षाबलों ने रोज तक़रीबन तीन बार युद्धविराम तोड़ा। अख़बार के मुताबिक़ ख़ुफ़िया सूत्रों का कहना है पाकिस्तान में होने वाले आम चुनाव यानी 25 जुलाई तक सीज़फ़ायर का उल्लंघन यूं ही जारी रहेगा।बता दें कि पाकिस्तान में चुनाव नजदीक हैं और वहां सेना इस समय किसी लीडरशिप के प्रति जवाबदेह नहीं है। ऐसे में पाकिस्तान की ओर से सीमा पर गोलाबारी की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। पाकिस्तान ने इस साल 480 बार संघर्ष विराम का उल्लंघन किया है। इस दौरान पाकिस्तान की फौज ने न सिर्फ भारतीय चौकियों और गांवों को निशाना बनाया बल्कि पाक स्नाइपरों ने भारतीय जवानों पर भी फायरिंग कीअखबार ने लिखा है बीएसएफ के प्रमुख केके शर्मा ने भारत की ओर से मुंहतोड़ जवाब देने की बात कही है। ऐसे में पिछले दो वर्षों में एक दर्जन बार पाकिस्तान को संघर्षविराम के लिए मजबूर होना पड़ा। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि पाकिस्तान की फोर्सेज अपनी बातों पर कायम नहीं रहती और दोनों पक्षों की फ्लैग मीटिंग के कुछ घंटे बाद ही फायरिंग शुरू कर दी जाती है।