कायर पाक फौज का बुज़दिल दस्ता है बैट

नई दिल्ली (1 मई): पाकिस्तान ने एक बार फिर एलओसी पर घिनौनी हरकत की। उसकी बैट टीम ने एलओसी पर सीमा की सुरक्षा कर रहे भारतीय जवानों के साथ बर्बारता की। पाकिस्तान की बैट बड़ी ही क्रूर मानी जाती है। पाकिस्तानी सेना बैट का इस्तेमाल आतंकियों की घुसपैठ कराने में करती है।


दुनिया भर में ये किसी फौज का अकेला ऐसा दस्ता है, जिसमें चुन-चुनकर आतंकियों की भर्ती की जाती है। पाक फौज के इशारे पर ये आतंकी एलओसी और बॉर्डर के इलाके में घुसपैठ कर पेट्रोलिंग कर रहे भारतीय जवानों पर छिपकर धावा बोलते हैं और जवानों के सिर काट ले जाते हैं।


एलओसी और बॉर्डर पर भारतीय जवानों के सिर काटने की अब तक जितनी भी घटनाएं हुई हैं, उन सबके पीछे बैट का हाथ बताया जाता है। पाक फौज के इस आतंकी दस्ते को बकायदा सिर काटने की ट्रेनिंग दी जाती है भारतीय चौकी पर गुरिल्ला हमले के बाद जवानों के शव के साथ बर्बरता की ट्रेनिंग दी जाती है।


बॉर्डर एक्शन टीम के ट्रेनिंग कैंप मुज़फ्फराबाद और उससे सटे इलाके में चलाए जा रहे हैं। पाक फौज अपनी इस बुजदिल टीम में ऐसे आतंकियों को भर्ती करती है जो अगर पकड़े गए तो पाकिस्तान साफ मुकर जाए। बैट खास तौर से पेट्रोलिंग कर रहे जवानों पर घात लगाकर हमला करती है।


जब भी सरहद पर बैट कोई हमला करती है तो पीछे से पाक सेना उसे कवर-फायर देती है। जिससे भारतीय सैनिक बैट टीम के एलओसी के पास पहुंचने का पता न लगा सकें।

- 2011 में बैट ने कुपवाड़ा में कुमाऊं रेजीमेंट के जवान के शव को क्षत-विक्षत किया था।

- इसके बाद भारतीय सेना ने ऑपरेशन-जिंजर में आठ पाकिस्तानी जवानों को ढेर कर दिया था।

- 2013 में बैट ने पुंछ के मेंढर सेक्टर में जवान हेमराज और सुधाकर का सिर कलम कर दिया था।

- उसके बाद सेना ने पाकिस्तान के करीब 20 जवानों को ढेर कर हेमराज और सुधाकर की शहादत का बदला लिया था।


बैट ने महीने भर में दूसरी बार फिर एक भारतीय जवान के शव को क्षत-विक्षत किया है, जिसकी पाकिस्तान को बड़ी कीमत चुकानी पड़ेगी।