कश्मीरियों को तकलीफ पर बिलबिलाए उमर लेकिन पाक की नापाक करतूत पर साधी चुप्पी

न्यूज 24 ब्यूरो, श्रीनगर(21 फरवरी): पुलवामा हमले के बाद देश के कई स्थानों पर कश्मीरियों को निशाना बनाये जाने पर जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला काफी दुखी हैं, लेकिन घाटी में आतंकियों को भेजने और हिंसा फैलाने पर अब्दुल्ला ने कुछ नहीं कहा है। बहरहाल, पाकिस्तान उमर अब्दुल्ला ने आशंका व्यक्त की है कि पुलवामा के बाद कश्मीरियों को निशाना बनाये जाने की घटनाओं को भाजपानीत एनडीए सरकार का समर्थन है।


उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यदि देश भर में ऐसा है तो क्या फिर किसी टूरिस्ट को कश्मीर नहीं आना चाहिए? अमरनाथ की यात्रा नहीं करनी चाहिए? उमर अब्दुल्ला ने कश्मीरियों के खिलाफ प्रॉपेगेंडा पर कहा कि हमें इस मसले को लेकर उम्मीद थी कि पीएम नरेंद्र मोदी ऐसे लोगों की निंदा करेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उमर ने कहा कि उमर अब्दुल्ला ने कहा कि जिस तरह से देश भर में कश्मीरियों के साथ घटनाएं हुईं और उन्हें बदनाम किया जा रहा है।


उमर ने कहा, 'हम उम्मीद कर रहे थे कि इस चीज की मजम्मत होगी, लेकिन ऐसा किसी भी स्तर से नहीं हुआ। हमने जिस पीएम को लालकिले से सुना था कि कश्मीरियों को गले लगाकर पास लाना चाहिए, लेकिन पीएम ने यह नहीं कहा कि गवर्नर साहब ने जो कहा है, वह गलत कहा है। हो सकता है कि वह बिजी रहे हों, लेकिन कम से कम होम मिनिस्टर ही कुछ कहते। यह कहते कि जिन कॉलेजों ने कश्मीरियों को दाखिले से इनकार किया है, वह गलत है।' जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम ने कहा, 'एक गवर्नर ने हमारे इकनॉमिक बायकॉट की बात कही, जबकि एक गवर्नर ने कहा कि धारा 370 हटाई जानी चाहिए। इस तरह आप कुछ लोगों को मजबूर कर रहे हैं।

कांग्रेस पर भी वार करते हुए उमर ने कहा कि देश की जो सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी है, वह कुछ कहेगी, लेकिन वह भी शांत रहे। आज उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस की, आरडीएक्स से लेकर सब बातें कीं, लेकिन कश्मीरियों को लेकर कुछ नहीं कहा। कांग्रेस जिन ताकतों को हराने की बात करती है, उनके खिलाफ कांग्रेस ने कुछ नहीं कहा। कल इलेक्शन होंगे, कांग्रेस इन्हीं कश्मीरियों के वोट मांगेगी, लेकिन उन्होंने हमारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।