अग्नि-5: पल-भर में दुश्मन को कर सकती है नेस्तानाबूद, इन हथियारों से है लैस

नई दिल्ली (4 जून): भारत ने ओडिशा तट से परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम अग्नि-5 मिसाइल का रविवार को सफल परीक्षण कर एक बार फिर अंतर्राष्ट्रीय अपनी ताकत का लोहा मनवाया है।रक्षा मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, सतह से सतह पर 5,000 किलोमीटर तक की रेंज वाली मिसाइल को मोबाइल लॉन्चर की मदद से इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज के लॉन्च पैड-4 से सुबह 9:48 बजे प्रक्षेपित किया गया।डीआरडीओ यानि कि रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन द्वारा विकसित मिसाइल सभी मिशन मानकों पर खरी उतरती है। जानकारी के लिए आपको बता दें कि यह अत्याधुनिक अग्नि-5 का छठा परीक्षण था।इसका आखिरी परीक्षण 18 जनवरी को हुआ था। 17 मीटर लंबी और दो मीटर चौड़ी मिसाइल का वजन लगभग 50 टन है। यह एक टन से अधिक का परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है।मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सतह से सतह (सर्फेस टू सर्फेस) मार करने में सक्षम इस मिसाइल को बंगाल की खाड़ी में डॉ। अब्दुल कलाम द्वीप पर एकीकृत परीक्षण रेंज (आईटीआर) के लांच पैड-4 से सचल प्रक्षेपक (मोबाइल लॉन्चर) की मदद से प्रक्षेपित किया गया।डीआरडीओ के एक अधिकारी ने बताया कि ‘अग्नि-5’ नौवहन और मार्गदशन, वॉर हेड और इंजन के संदर्भ में नई प्रौद्योगिकी से लैस अत्याधुनिक मिसाइल है।नौवहन प्रणाली, बेहद उच्च सटीक रिंग लेजर गायरो आधारित इनर्शियल नैविगेशन सिस्टम (आरआईएनएस) और अत्याधुनिक सटीक आकलन करने वाले माइक्रो नैविगेशन सिस्टम (एमआईएनएस) से यह सुनिश्चित हुआ कि मिसाइल सटीक दूरी के कुछ ही मीटर के भीतर अपने लक्ष्य बिंदु तक पहुंच गई।बहराल, भारत ने अग्नि-5 का सफल परीक्षण कर एक बार फिर साबित कर दिया है कि भारत किसी भी मामले में किसी से भी कम नहीं है।